सीहोर (मध्यप्रदेश) की खबर 06 जनवरी

निःशुल्क जिला स्तरीय मुख्यमंत्री स्वास्थ्य सेवा शिविर आज
  • विशेषज्ञ चिकित्सकों द्वारा किया जाएगा, निःशुल्क चिन्हांकन,जांच,परीक्षण एवं परामर्श उपचार

जिला चिकित्सालय, ट्रामा सेंटर परिसर सीहोर में 7 जनवरी 2018 को निःशुल्क जिला स्तरीय मुख्यमंत्री स्वास्थ्य सेवा शिविर का आयोजन प्रातः 10 बजे से किया गया है। शिविर की अंतिम तैयारियों को लेकर आज अपरान्ह 3.00 बजे चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डाॅ.डीआर अहिरवार ने जिला चिकित्सालय,ट्रामा सेंटर में समस्त जिम्मेदार अधिकारियांे एवं कर्मचारियों काी बैठक लेकर जरूरी दिशा निर्देश दिए । बैठक में स्वास्थ्य शिविर के नोडल अधिकारी डाॅ.आनंदश शर्मा,सिविल सर्जन डाॅ.ए.ए.कुरैशी,रेडियोलाॅजिस्ट डाॅ.नीतिन पटेल,डीपीएम श्री धीरेन्द्र आर्य,जिला लेख प्रबंधक श्री रमाकंात द्विवेदी, सहित अन्य विभागीय अधिकारी कर्मचारी बैठक में उपस्थित थे। ज्ञात हो कि उक्त शिविर में विशेषज्ञ चिकित्सकों द्वारा राज्य बीमारी सहायता निधि एवं राष्ट्रीय बाल स्वास्थ्य कार्यक्रम(आर.बी.एस.के.) के अंतर्गत सम्मिलित विभिन्न बीमारियों का निःशुल्क जांच,परीक्षण एवं परामर्श के साथ इस्टीमेट तैयार किया जाएगा। राष्ट्रीय बाल स्वास्थ्य कार्यक्रम के अंतर्गत 0 से 18 वर्ष तक आयु के समस्त बच्चे जो जन्मजात विकृति एवं गंभीर बीमारी से पीड़ित है उनका चिन्हांकन किया जाएगा वहीं राज्य बीमारी सहायता निधि के अंतर्गत  समस्त आयु वर्ग,गरीबी रेखा के नीचे जीवन यापन करने वाले परिवार की चिन्हित बीमारियों का परीक्षण एवं उपचार के लिए इस्टीमेंट स्वीकृत किया जाएगा।उक्त शिविर में जिला स्तर के समस्त अंतरविभागीय अधिकारी एवं विभाग प्रमुखों का स्वास्थ्य परीक्षण भी कलेक्टर द्वारा दिए गए दिशा निर्देशानुसार किया जाएगा। मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डाॅ.डीआर अहिरवार ने बताया कि 7 जनवरी 2018 जिला चिकित्सालय सीहोर में आयोजित जिला स्तरीय निःशुल्क मुख्यमंत्री स्वास्थ्य शिविर में राष्ट्रीय बाल स्वास्थ्य कार्यक्रम के अंतर्गत 0 से 18 वर्ष आयु के  चिन्हित गंभीर जन्मजात विकृति के न्यूरल ट्यूब डिफेक्ट,क्लब फुट,जन्मजात बहरापन,जन्मजात मोतियाबिंद,डीडीएच, कुल्हे का अविकसित,डाउन सिण्ड्रोम, भंेगापन,कान,गला आदि बीमारियों का चिन्हांकन एवं जांच,इस्टीमेंट,परीक्षण एवं परामर्श की व्यवस्था की जाएगी। डाॅ.अहिरवार ने बताया कि राज्य बीमारी सहायता निधि के अंतर्गत कैंसर सर्जरी,कीमोथैरेपी,रेडियो थेरैपी,हृदय शल्य क्रिया,रीनल सर्जरी एवं रीनल ट्रांसप्लांट,घुटना बदलना,हिप ज्वाइंट रिप्लेसमेंट,वक्ष रोग शल्यक्रिया,स्पाइरल सर्जरी,रेटिनल डिटेचमेंट, ब्रेन सर्जरी,न्यूरो सर्जरी,पेस मेकर,वैसक्यूलर सर्जरी,कंजेनाइटल मालफोर्मश्न सर्जरी, एप्लास्टिक एनीमिया,बर्न एण्ड पोस्ट बर्न कांन्टैक्टर,क्रानिक रीनल डिसिजेज,नेफ्रोट्रिक सिन्ड्रोम,पेरिटोनियल डायलिसिस, हीमोडायलिसिस, बंझपन इत्यादि गंभीर बीमारियों का इस्टीमेट,परीक्षण किया जाएगा। जिला चिकित्सालय मंे आयोजित उक्त शिविर की पर्याप्त व्यवस्था किए जाने तथा शिविर की व्यवस्था के लिए जरूरी दिशा निर्देश सिविल सर्जन डाॅ.ए.ए.कुरैशी,नं शिविर के प्रभारी अधिकारी डाॅ.आनंद शर्मा एवं राष्ट्रीय बाल स्वास्थ्य कार्यक्रम के नोडल अधिकारी डाॅ.पदमाकर त्रिपाठी,जिला कार्यक्रम प्रबंधक श्री धीरेन्द्र आर्या को दिए गए हैं। डाॅ.अहिरवार ने बताया कि शिविर की शत प्रतिशत सफलता के लिए जिले के विभिन्न विकासखण्ड स्तर पर नियुक्त आरबीएसके चिकित्सा दल के चिकित्सा अधिकारियों की भी सेवाएं ली जाएगी। जिला स्तरीय शिविर की सफलता के लिए जिले के समस्त ब्लाॅक स्तर पर विकासखण्ड स्तरीय शिविर आयोजित कर राष्ट्रीय बाल स्वास्थ्य कार्यक्रम तथा राज्य बीमारी सहायता निधि के हितग्राहियों को चिन्हित किया गया है। डाॅ.अहिरवार ने बताया कि आयोजित निःशुल्क स्वास्थ्य शिविर में मध्यप्रेदश शासन द्वारा मान्यता प्राप्त लगभग 15 निजी चिकित्सालयों के विशेषज्ञ चिकित्सकों की सेवाएं ली जाएगी।

मुख्यमंत्री स्वास्थ्य सेवा शिविर में जिला स्तरीय विभाग प्रमुखों का भी होगा निःशुल्क स्वास्थ्य परीक्षण
कलेक्टर श्री तरूण कुमार पिथोडे़ के निर्देश पर आयोजित उक्त विशाल स्वास्थ्य शिविर में जिला स्तरीय शासकीय विभाग प्रमुखों  के भी स्वास्थ्य का निःशुल्क परीक्षण किया जाएगा। निःशुल्क स्वास्थ्य परीक्षण के लिए जिले के सभी विभाग प्रमुखों को इस संबंध में पत्र लिखकर स्वास्थ्य परीक्षण शिविर में स्वास्थ्य की जांच किए जाने का आग्रह मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डाॅ.डी.आर.अहिरवार द्वारा किया गया है तथा पूर्व मंे की गई किसी भी प्रकार की सामान्य अथवा गंभीर बीमारी के जांच रिपोर्ट साथ लेकर पहंुचने का आग्रह किया गया है जिससे जांच में पूरी मदद मिल सकें। इस संबंध में व्यापक तैयारियों एवं व्यवस्था के निर्देश स्वास्थ्य शिविर के प्रभारी अधिकारी डाॅ.आनंद शर्मा को दिए गए हैं। शिविर के प्रभारी अधिकारी डाॅ.आनंद शर्मा ने बताया कि उक्त निःशुल्क स्वास्थ्य शिविर  में मध्यप्रदेश शासन द्वारा मान्यता प्राप्त लगभग 15 निजी चिकित्सालयों के गंभीर बीमारियोें के विशेषज्ञ चिकित्सक शिविर में हिस्सा लेकर शासकीय अधिकारियों/कर्मचारियों  का स्वास्थ्य परीक्षण एवं जांच कर उपचार हेतु उचित परामर्श देंगे। मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डाॅ.अहिरवार ने बताया कि शासकीय अधिकारियों एवं कर्मचारियों के स्वास्थ्य परीक्षण के पंजीयन संबंधी पृथक से स्टाॅल लगाकर आवश्यक तैयारियों के दिशा निर्देश शिविर के प्रभारी अधिकारी डाॅ.आनंद शर्मा को दिए है। मुख्यमंत्री निःशुल्क स्वास्थ्य सेवा शिविर की शत प्रतिशत सफलता के लिए विभगीय स्तर पर व्यापक तैयारियां की गई है। जिसमें राज्य बीमारी सहायता योजना के अंतर्गत समस्त आयु वर्ग के गरीबी रेखा के नीचे जीवन यापन करने वाले हितग्राहियों तथा राष्ट्रीय बाल स्वास्थ्य कार्यक्रम के अंतर्गत 0 से 18 वर्ष तक के बच्चों एवं बालकांे का निःशुल्क स्वास्थ्य परीक्षण कर उपचार हेतु उचित परामर्श एवं प्राक्लन तैयार किया जाएगा। 

समेकित बाल संरक्षण योजना का दिया प्रषिक्षण 

sehore news
किषोर न्याय (बालकों की देखरेख एवं संरक्षण) अधिनियम 2015 एवं नियम 201़6 के अंतर्गत समेकित बाल संरक्षण योजना के प्रावधानों पर विभिन्न पदाधिकारियों, पर्यवेक्षकों को प्रषिक्षण दिये जाने हेतु सीहोर जिले में कार्यषाला का आयोजन कलेक्टेªट कार्यालय के सभाकक्ष क्र 02 में किया गया। प्रषिक्षण में जिला कार्यक्रम अधिकारी श्री संजय प्रताप सिंह जिला महिला सषक्तिकरण अधिकारी श्रीमती रंजीता पटेल, सहायक संचालक श्रीमती सुष्मिता बिल्लौरे, श्रीमती गौतमी गोलाईत, विकासखण्ड महिला सषक्तिकरण अधिकारी कु.प्रीति यादव, बाल संरक्षण अधिकारी श्री अमित दुबे, परामर्षदाता श्री सुरेष पांचाल, सामाजिक कार्यकर्ता शषि राठौर आदि के साथ जिले की सभी पर्यवेक्षक उपस्थित रहीं। संरक्षण अधिकारी श्री अमित दुबे ने समेकित बाल संरक्षण योजना अंतर्गत अनाथ एवं निराश्रित  बच्चों के चलाई जा रही योजनाओं के संदर्भ में विस्तृत जानकारी देते हुए बताया कि प्रत्येक आंगनवाड़ी केन्द्र स्तर पर सर्वे करवाया जाकर अनाथ, निराश्रित एवं देखरेख के योग्य बच्चों का चिन्हांकन कर उन्हें बाल संरक्षण अधिकारी अथवा बाल कल्याण समिति के समक्ष प्रस्तुत करें। ताकि बच्चों के उचित संरक्षण की व्यवस्था की जा सकें एवं उन्हें दत्तक मे दिया जा सकें, साथ ही केन्द्रिय दत्तक ग्रहण अभिकरण में बच्चों को दत्तक लिए जाने हेतु आवेदन संबंधित प्रक्रिया भी बताई। परामर्षदाता सुरेष पांचाल ने बताया कि समेकित बाल संरक्षण योजना अंतर्गत फोस्टर केयर योजना संचालित हैं। जिसमें अनाथ, निराश्रित एवं देखरेख के योग्य बच्चों को पारिवारिक पुर्नवास किया जाता हैं तथा कोई भी व्यक्ति बाल कल्याण समिति के समक्ष बच्चों को पारिवारिक पुर्नवास में लेने हेतु आवेदन कर सकता हैं। जिला महिला सषक्तिकरण अधिकारी श्रीमती रंजीता पटेल ने विभाग की समस्त योजनाओं महिलाओं/बालिकाओं से संबंघित अघिनियमों व कानूनों की जानकारी प्रदान कि, साथ ही प्रत्येक ग्राम पंचायत स्तर पर महिलाओं की सुरक्षा हेतु गठित शक्ति समिति की विस्तार पूर्वक जानकारी दी। जिला कार्यक्रम अधिकारी श्री संजय प्रताप सिंह ने बताया कि समेकित बाल संरक्षण योजना के अंतर्गत शासन द्वारा बच्चों हेतु विभिन्न कार्यक्रम संचालित किए जा रहे हैं। प्रत्येक आंगनवाड़ी स्तर पर सर्वे किया जा कर बच्चों को योजनाओं से जोडा जाए।
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