दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल को बिहार विधानसभा चुनाव के प्रचार में उतारने के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के प्रयास के कारण सहयोगी कांग्रेस और राष्ट्रीय जनता दल :राजद: के नेता असहज नजर आ रहे हैं । कांग्रेस और राजद के शीर्ष नेता श्री कुमार की इन कोशिशों पर कोई प्रतिकूल प्रतिक्रिया तो व्यक्त नही कर रहे है लेकिन दोनों पार्टियों के दूसरी कतार के नेता इसको लेकर असहज नजर आ रहे हैं । ऐसे नेताओं का मानना है कि श्री केजरीवाल का सिर्फ जनता दल यूनाइटेड के पक्ष में प्रचार करना और कांग्रेस तथा राजद से दूरी बनाये रखने के कारण बिहार की जनता में दोनों पार्टियों के संबंध में गलत संदेश जायेगा और इससे उसे नुकसान भी उठाना पड़ सकता है । प्रदेश कांग्रेस के वरिष्ठ नेता प्रेमचंद मिश्रा ने इस संबंध में पूछे जाने पर कहा कि श्री कुमार जदयू के नेतृत्व वाले धर्मनिरपेक्ष गठबंधन की ओर से मुख्यमंत्री पद के उम्मीदवार है और वे चुनाव प्रचार के लिये किसे बुलाते है यह उनका फैसला है । उन्होंने कहा कि श्री कुमार यदि बिहार में भारतीय जनता पार्टी :भाजपा: को सत्ता में आने से रोकने के लिये श्री केजरीवाल को चुनाव प्रचार के लिये आमंत्रित करते है तो उनकी पार्टी को इस पर कोई आपत्ति नहीं होगी ।
श्री मिश्रा ने हालांकि कहा कि उनकी पार्टी श्री केजरीवाल का दिल्ली में विरोध जारी रखेगी । उन्होंने कहा कि दिल्ली में श्री अजय माकन आम आदमी पार्टी की सरकार की नाकामियों को लेकर संघर्ष कर रहे है । पूरी पार्टी उनके साथ मजबूती के साथ खड़ी है । वही राजद के वरिष्ठ नेता अब्दुलबारी सिद्दिकी ने जदयू की ओर से श्री केजरीवाल को चुनाव प्रचार में उतारे जाने की कोशिशों के बारे में कई बार कुरेदे जाने पर कहा कि आप के प्रमुख यदि धर्मनिरपेक्ष गठबंधन के लिये बिहार में प्रचार करते है तो निश्चित रूप से इसका लाभ गठबंधन को मिलेगा । वैसे यह सर्वविदित है कि श्री केजरीवाल कांग्रेस और राजद प्रमुख लालू प्रसाद यादव के विरोधी है । अब तक श्री केजरीवाल ने बिहार में राजद और कांग्रेस के पक्ष में चुनाव प्रचार करने के लिये अपनी सहमति नही दी है । हालांकि श्री केजरीवाल ने बिहार विधानसभा चुनाव में आप का प्रत्याशी नहीं खड़ा करने का निर्णय लिया ।
श्री मिश्रा ने हालांकि कहा कि उनकी पार्टी श्री केजरीवाल का दिल्ली में विरोध जारी रखेगी । उन्होंने कहा कि दिल्ली में श्री अजय माकन आम आदमी पार्टी की सरकार की नाकामियों को लेकर संघर्ष कर रहे है । पूरी पार्टी उनके साथ मजबूती के साथ खड़ी है । वही राजद के वरिष्ठ नेता अब्दुलबारी सिद्दिकी ने जदयू की ओर से श्री केजरीवाल को चुनाव प्रचार में उतारे जाने की कोशिशों के बारे में कई बार कुरेदे जाने पर कहा कि आप के प्रमुख यदि धर्मनिरपेक्ष गठबंधन के लिये बिहार में प्रचार करते है तो निश्चित रूप से इसका लाभ गठबंधन को मिलेगा । वैसे यह सर्वविदित है कि श्री केजरीवाल कांग्रेस और राजद प्रमुख लालू प्रसाद यादव के विरोधी है । अब तक श्री केजरीवाल ने बिहार में राजद और कांग्रेस के पक्ष में चुनाव प्रचार करने के लिये अपनी सहमति नही दी है । हालांकि श्री केजरीवाल ने बिहार विधानसभा चुनाव में आप का प्रत्याशी नहीं खड़ा करने का निर्णय लिया ।

कोई टिप्पणी नहीं:
एक टिप्पणी भेजें