कुआलालम्पुर 21 नवंबर, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने विदेशी निवेशकों को भारत में निवेश के लिए आमंत्रित करते हुये कहा कि देश में असीमित निवेश की संभावना के दृष्टिगत उनकी सरकार ने अर्थव्यवस्था के विकास के लिए कई महत्वपूर्ण उपाय किये हैं। श्री मोदी ने आसियान बिजनेस एवं निवेश सम्मेलन को संबोधित करते हुए कहा कि इस साल के औद्योगिक उत्पादन सूचकांक (आईआईपी) में पिछले साल के मुकाबले महत्वपूर्ण सुधार हुआ है। हम भारत को एक वैश्विक विनिर्माण का गढ बनाने के लिए सभी तरीकों पर काम कर रहे हैं। उन्होंने कहा, “ मैं आपको सुनिश्चित करना चाहता हूं कि भारत सभी नये अाविष्कारों के बौद्धिक संपदा अधिकार की रक्षा के लिए प्रतिबद्ध है। मैं आपको आमंत्रित करता हूं कि आप भारत आयें और यहां बदलाव की बयार को महसूस करें।” भारत और आसियान के स्वाभाविक भागीदार को संबोधित करते हुए कहा, “अधिकतर अासियान देश एशिया के पुनरूत्थान के लिए अपने समय को पूरा कर चुके हैं। अब भारत की बारी है। उन्होंने आश्वस्त किया कि 21 सदी एशिया की है।’’
श्री मोदी ने कहा, “निवेश की प्रवाह को पुनर्जीवित करने के लिए हमने संरचनात्मक और वित्तीय सुधारों की दूसरी तरंग शुरू किया है।” उन्होंने कहा कि भारत को वैश्विक विनिर्माण हब बनाने के लिए हम सबकुछ कर रहें हैं। श्री मोदी ने कहा, “65 सालों की परंपरा को तोड़ते हुए हम भारत के राज्यों में विदेश नीति में शामिल हैं।” उन्होंने कहा, “व्यापार में वैश्विक दबाव के बावजूद वर्ष 2014-15 में बंदरगाहों के यातायात में 4.65 प्रतिशत की वृद्धि जबकि संचालन में 11.2 प्रतिशत आय की वृद्धि हुई।” उन्होंने विस्तार से बताते हुए कहा, “सकल घरेलू उत्पाद में वृद्धि हुई, मंहगाई घटी है, प्रत्यक्ष विदेशी निवेश में बढ़ोतरी हुई, चालू खाता घाटा में कमी आई, ब्याज दरों में कमी आई, कर राजस्व में वृद्धि हुई और रूपये स्थिर है।” उन्होंने कहा, “हमने कृषि, आवास, परिवहन, वित्तीय समावेशन और निवेश में संस्थागत और संरचनात्मक सुधार के साथ ही ‘सभी के लिए आवास’ कार्यक्रम शुरू किया है जिसके तहत दो करोड़ शहरी आवास और दो करोड़ 95 लाख ग्रामीण आवासों का निर्माण किये जायेंगे।

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