ब्रिटेन की अदालत ने नीरव मोदी से जुड़े आलीशान अपार्टमेंट की बिक्री को मंजूरी दी - Live Aaryaavart (लाईव आर्यावर्त)

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गुरुवार, 1 अक्टूबर 2026

ब्रिटेन की अदालत ने नीरव मोदी से जुड़े आलीशान अपार्टमेंट की बिक्री को मंजूरी दी

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ब्रिटेन की एक अदालत ने नीरव मोदी से जुड़े एक आलीशान अपार्टमेंट की बिक्री के लिए मंजूरी दे दी है। हीरा कारोबारी नीरव मोदी (55) पर पंजाब नेशनल बैंक (पीएनबी) के साथ दो अरब अमेरिकी डॉलर की धोखाधड़ी और धनशोधन के आरोप हैं। वह 2019 में लंदन में गिरफ्तारी के बाद से जेल में बंद है। मास्टर जेम्स ब्राइटवेल ने मंगलवार को उच्च न्यायालय के ‘‘चांसरी डिवीजन’’ में हुई सुनवाई के दौरान मध्य लंदन स्थित ‘103 मैराथन हाउस’ को न्यूनतम 37.5 लाख पाउंड में बेचने के लिए ‘‘ मंजूरी’’ दे दी। इस मामले में दावाकर्ता के रूप में ट्राइडेंट ट्रस्ट कंपनी (सिंगापुर) प्राइवेट लिमिटेड शामिल थी। प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने इससे पहले दलील दी थी कि ट्रस्ट की सभी ‘‘जरूरी देनदारियां’’ चुकाने के बाद बिक्री से प्राप्त राशि को एक सुरक्षित खाते में रखा जाये। 


मास्टर ब्राइटवेल ने आदेश में कहा, ‘‘स्वाभाविक रूप से शुरुआत इस बात से होनी चाहिए कि बकाये ऋण का भुगतान किया जाए। मौजूदा मामले में इसकी पुष्टि इस तथ्य से भी होती है कि अदालत ने 2023 में बिक्री का आदेश दिया था और 2024 में बिक्री मूल्य कम करने के लिए एक और आदेश भी जारी किया था, जिसे अंततः अन्य पक्षकारों की सहमति से पारित किया गया।’’ नीरव मोदी दक्षिण-पश्चिम लंदन स्थित ‘एचएमपी वैंड्सवर्थ’ जेल में बंद है और वह इसी जेल से वीडियो लिंक के माध्यम से सुनवाई में शामिल हुआ। इस सप्ताह की सुनवाई में नामित प्रतिवादियों में से एक नीरव मोदी ने संपत्ति की बिक्री का विरोध किया था। इस बीच, सभी अन्य कानूनी विकल्प खत्म हो जाने के बाद माना जा रहा है कि नीरव मोदी ने भारत प्रत्यर्पित किए जाने से बचने के अंतिम प्रयास के रूप में राजनीतिक शरण के लिए दूसरा दावा दायर किया है। उसे 19 मार्च 2019 को स्कॉटलैंड यार्ड के अधिकारियों ने प्रत्यर्पण वारंट के आधार पर मध्य लंदन स्थित मेट्रो बैंक की एक शाखा से गिरफ्तार किया था। एक अधिकारी ने उसे उस समय पहचान लिया था, जब वह बैंक खाता खोलने की कोशिश कर रहा था।

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