दिल्ली : न्यायालय ने बिहार को पटना में गंगा के डूब क्षेत्र से अतिक्रमण हटाने के लिए आठ सप्ताह का समय दिया - Live Aaryaavart (लाईव आर्यावर्त)

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शनिवार, 3 अक्टूबर 2026

दिल्ली : न्यायालय ने बिहार को पटना में गंगा के डूब क्षेत्र से अतिक्रमण हटाने के लिए आठ सप्ताह का समय दिया

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नई दिल्ली/पटना। उच्चतम न्यायालय ने बिहार सरकार को पटना में नौजर घाट और नूरपुर घाट के बीच गंगा के डूब क्षेत्र में मौजूद सभी अवैध ढांचों और अतिक्रमणों को हटाने संबंधी अपने निर्देशों का पालन करने के लिए आठ सप्ताह का समय दिया है। न्यायमूर्ति जे बी पारदीवाला और न्यायमूर्ति के वी विश्वनाथन की पीठ ने कहा कि 21 जुलाई को शीर्ष अदालत ने राज्य सरकार को छह सप्ताह का समय दिया था, ताकि नौजर घाट और नूरपुर घाट के बीच गंगा के डूब क्षेत्र में मौजूद प्रत्येक अवैध ढांचे और अतिक्रमण को हटाना सुनिश्चित किया जा सके। बिहार के महाधिवक्ता एस डी संजय ने 28 सितंबर को पीठ को बताया था कि शीर्ष अदालत द्वारा जारी निर्देशों का आंशिक रूप से पालन किया गया है। उन्होंने कहा कि नेपाल में हाल में आई प्राकृतिक आपदा के कारण गंगा नदी का जलस्तर बढ़ गया, जिससे पूरा क्षेत्र जलमग्न हो गया और अधिकारियों के लिए अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई आगे बढ़ाना मुश्किल हो गया। पीठ ने कहा, ‘‘हम अपने निर्देशों का पालन करने के लिए अंतिम बार आठ सप्ताह का समय दे रहे हैं। ऐसा नहीं होने पर हमें बिहार के मुख्य सचिव और अन्य अधिकारियों को हमारे समक्ष तलब करना होगा तथा हम अवमानना की कार्यवाही भी आगे बढ़ा सकते हैं।’’ पीठ ने कहा, ‘‘आठ सप्ताह बाद, यानी अगली सुनवाई की तारीख पर, हम अतिक्रमण हटाने के संबंध में हमारे द्वारा दिए गए निर्देशों के पूर्ण अनुपालन की रिपोर्ट चाहते हैं। इसके बाद कोई और समय नहीं दिया जाएगा।’’ शीर्ष अदालत राष्ट्रीय हरित अधिकरण (एनजीटी) के जून 2020 के उस आदेश को चुनौती देने वाली याचिका पर सुनवाई कर रही थी, जिसमें पर्यावरण की दृष्टि से संवेदनशील डूब क्षेत्र में अवैध निर्माण और स्थायी अतिक्रमण के खिलाफ दायर याचिका खारिज कर दी गई थी।

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