- किआ इंडिया की प्रमुख सीएसआर पहल का चौथा चरण, राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र में समुदाय की भागीदारी से चलने वाले प्लास्टिक कचरा संग्रहण और रीसाइक्लिंग तंत्र को और मजबूत करेगा
ग्रेटर नोएडा में हुए आयोजन में मुख्य अतिथि के तौर पर ग्रेटर नोएडा इंडस्ट्रियल डेवलपमेंट अथॉरिटी (जीएनआईडीए) के जनरल मैनेजर श्री आलोक कुमार मौजूद रहे। इस मौके पर आईपीसीए के सचिव श्री अजय गर्ग, आईपीसीए की डिप्टी डायरेक्टर डॉ. राधा गोयल, जीएनआईडीए के वरिष्ठ अधिकारी, रेजिडेंट वेलफेयर एसोसिएशन, शिक्षण संस्थान और समुदाय से जुड़े अन्य लोगों ने हिस्सा लिया। इस कार्यक्रम में डी.आर.ओ.पी. कम्युनिटी बिन लगाकर और डी.आर.ओ.पी. कलेक्शन वाहनों को हरी झंडी दिखाकर व्यवस्थित तरीके से प्लास्टिक कचरा संग्रहण और रीसाइक्लिंग गतिविधियों की शुरुआत की गई। समुदाय की भागीदारी बढ़ाने के लिए, इन आयोजनों में जिम्मेदार प्लास्टिक कचरा प्रबंधन और टिकाऊ निपटान के तरीकों पर एक नुक्कड़ नाटक भी पेश किया गया। जागरूकता कार्यक्रम के तहत, पेशेवर कलाकारों ने जिम्मेदार प्लास्टिक कचरा प्रबंधन के महत्व को दिखाते हुए एक नुक्कड़ नाटक पेश किया, जिससे छात्रों, स्थानीय निवासियों और समुदाय के लोगों को टिकाऊ कचरा निपटान के तरीकों में सक्रिय रूप से हिस्सा लेने के लिए प्रोत्साहित किया गया। प्रोजेक्ट डी.आर.ओ.पी. किआ इंडिया की प्रमुख पर्यावरण स्थिरता पहल बनी हुई है, जो जागरूकता, समुदाय की भागीदारी और नागरिक निकायों व स्थानीय लोगों के साथ मिलकर काम करने के जरिए जिम्मेदार प्लास्टिक कचरा प्रबंधन को बढ़ावा देती है। जमीनी स्तर पर लगातार काम करते हुए, यह पहल साफ-सुथरे समुदाय और एक बेहतर टिकाऊ भविष्य बनाने के किआ इंडिया के लक्ष्य को आगे बढ़ा रही है।

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