अक्षत पात्र योजना से सुपोषित हो रहा नौनिहाल
- जन सहयोग की अटल मित्र योजना की अभिनव पहल
कलेक्टर श्री कवीन्द्र कियावत के मार्गदर्शन में महिला एवं बाल विकास विभाग के अटल बिहारी वाजपेयी बाल आरोग्य एवं पोषण मिशन के तहत् जन सहयोग से जिलेवासियों द्वारा दान किये गये सोयाबीन को अक्षत पात्र योजना के तहत् प्रंसंस्कृत आटे के रूप में तैयार कर आंगनबाडि़यों के पोषण आहार प्रदाय कर्ता समूहों को उपलब्ध कराने के फलस्वरूप बच्चों को अधिक पौेष्टिक पोषण आहार मिलने से बच्चे सुपोषित हो रहे है। जिला कार्यक्रम अधिकारी महिला एवं बाल विकास श्री बृजेश कुमार त्रिपाठी ने बताया कि अक्षत पात्र योजना के चमत्कारिक परिणामों से आज सीहोर विकास खण्ड के शाहपुर कोडिया ग्राम केे श्री धरम सिंह और उनकी पत्नि कौशल्या अपने बेटे चि. यश को सुपोषित देखकर बेहद प्रसन्न है क्योंकि यश का वजन कुछ समय पहले सामान्य से कम था और आज अक्षत पात्र योजना के लाभ से उसके वजन स्तर में उल्लेखनीय सुधार हुआ है। इसी प्रकार मोगरा फूल की कु0 हिमांशी की किलकारी भी लक्ष्मण स्व सहायता समूह द्वारा अक्षत पात्र के पौेष्टिक आटे से तैयार पोषण आहार की सफलता को श्री चेतन के परिवार को ख्ुाशी दे रही है। ग्राम जहांगीरपुर की आंगनबाड़ी कार्यकर्ता श्रीमती शकुंतला शर्मा ने बताया कि अक्षत पात्र योजना के पौेष्टिक आटे की गुणवत्ता से रोशनी स्व सहायता समूह ने जो पौेष्टिक आहार आंगनबाड़ी में दिया उससे ग्राम के कपिल सिंह, कु0 राधिका, कु0 सोनाली और कु0 भारती चारों बच्चें कुपोषण की श्रेणी से बाहर आ गये है। ग्राम सारंगा खेड़ी के चि. अवनि की माता श्रीमती ममता और पिता श्री मनोज भी सीहोर के उन दानवीर सोया कृषकों को दुआ दे रहे है जिनके कारण आज उनकी बेटा सुपोषित होकर घर आंगन में खुशियां बिखेर रहा है। आंगनबाड़ी केन्द्र सेवानिया के श्रध्दा स्व सहायता समूह ने भी अक्षत पात्र के सोया आटे के प्रयोग से चि. नैतिक के पोषण स्तर को सकारात्मक दिशा दी है। कलेक्टर श्री कवीन्द्र कियावत ने जिले भर के दानवीर सोया कृषकों का आभार व्यक्त करते हुये जिलेवासियों से अपील की है कि वह जन्म से 06 वर्ष तक के बच्चों, गर्भवती एवं शिशुवती माताओं तथा किशोरी बालिकाओं को आंगनबाड़ी जरूर भेजे तथा समय-समय पर बच्चों का वजन कराकर उनके पोषण स्तर पर निगरानी रखते हुये आंगनबाड़ी की सेवाओं एवं जनसहयोग के माध्यम से सीहोर जिले को कुपोषण मुक्त जिला बनाने के लिये आगे आयें।

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