प्रेस फ्रीडम फोरम ने जांच केन्द्रीय अन्वेषण ब्यूरो को सौपने की मांग की - Live Aaryaavart (लाईव आर्यावर्त)

Breaking

प्रबिसि नगर कीजै सब काजा । हृदय राखि कौशलपुर राजा।। -- मंगल भवन अमंगल हारी। द्रवहु सुदसरथ अजिर बिहारी ।। -- सब नर करहिं परस्पर प्रीति । चलहिं स्वधर्म निरत श्रुतिनीति ।। -- तेहि अवसर सुनि शिव धनु भंगा । आयउ भृगुकुल कमल पतंगा।। -- राजिव नयन धरैधनु सायक । भगत विपत्ति भंजनु सुखदायक।। -- अनुचित बहुत कहेउं अग्याता । छमहु क्षमा मंदिर दोउ भ्राता।। -- हरि अनन्त हरि कथा अनन्ता। कहहि सुनहि बहुविधि सब संता। -- साधक नाम जपहिं लय लाएं। होहिं सिद्ध अनिमादिक पाएं।। -- अतिथि पूज्य प्रियतम पुरारि के । कामद धन दारिद्र दवारिके।।

गुरुवार, 25 जून 2015

प्रेस फ्रीडम फोरम ने जांच केन्द्रीय अन्वेषण ब्यूरो को सौपने की मांग की

sandeep kothariमध्यप्रदेश के बालाघाट जिले में कटंगी में कार्यरत पत्रकार संदीप कोठारी को हाल ही जलाकर मारने की घटना की कड़ी निंदा करते हुए प्रेस फ्रीडम फोरम ने आज राज्य सरकार से वारदात की जांच केन्द्रीय अन्वेषण ब्यूरो को सौपने, संदीप के परिवार को पर्याप्त आर्थिक मदद, सुरक्षा और प्रदेष में पत्रकारों पर हमले की बढ़ती घटनाओं के मद्देनजर मीडियाकर्मी सुरक्षा विधेयक लाकर कानून बनाने की मांग की है।

प्रेस फ्रीडम फोरम के पवन देवलिया ने बताया कि फोरम ने पत्रकार स्व. कोठारी को श्रद्धांजलि देने के साथ ही आज आयोजित बैठक में मध्यप्रदेश पुलिस की जांच को संदिग्ध बताया है। उसने माना है कि जिस तरह से इस जघन्य हत्या के दिन से ही पुलिस स्व. कोठारी को एक अपराधी बताने का प्रयास कर रही है और उस पर फर्जी आपराधिक प्रकरण लादने वाले पुलिस अफसर को एसआईटी का मुखिया बनाकर जांच की जा रही है, उस पर हमारा भरोसा नहीं है, इसलिए हत्या के इस मामले को राज्य सरकार को सीबीआई के हाथ सौंपने की पहल करना चाहिए।

उन्होने कहा कि सरकार से बालाघाट कलेक्टर वी किरण गोपाल को भी हटाने की मांग की गई है। बैठक में पत्रकारों ने माना है कि वारदात के विरोध मे उन्हें:कलेक्टरः ज्ञापन सौंपने का समय मांगने वाले स्थानीय पत्रकारों से जिस शब्दावली में उन्होने बात की है, उससे लगता है कि वह पहले से मानकर बैठे हैं कि स्व. कोठारी एक अपराधी थे। पत्रकारों से बातचीत का आॅडियो सोशल मीडया पर वायरल होने से कलेक्टर गोपाल की यह सच्चाई सबके सामने उजागर हो चुकी है।

देवलिया ने कहा कि हमारी यह भी मांग है कि स्व. कोठारी के परिवार को सरकार पर्याप्त आर्थिक मदद के साथ सुरक्षा मुहैया कराए और प्रदेश में पत्रकारों पर हमले के बढ़ते मामलों के मद्देनजर मीडियाकर्मी सुरक्षा विधेयक विधानसभा मे पेश कर अधिनियम बनाए।

कोई टिप्पणी नहीं: