मध्य प्रदेश पत्रकार हत्याकांड की जांच एआईटी को - Live Aaryaavart (लाईव आर्यावर्त)

Breaking

प्रबिसि नगर कीजै सब काजा । हृदय राखि कौशलपुर राजा।। -- मंगल भवन अमंगल हारी। द्रवहु सुदसरथ अजिर बिहारी ।। -- सब नर करहिं परस्पर प्रीति । चलहिं स्वधर्म निरत श्रुतिनीति ।। -- तेहि अवसर सुनि शिव धनु भंगा । आयउ भृगुकुल कमल पतंगा।। -- राजिव नयन धरैधनु सायक । भगत विपत्ति भंजनु सुखदायक।। -- अनुचित बहुत कहेउं अग्याता । छमहु क्षमा मंदिर दोउ भ्राता।। -- हरि अनन्त हरि कथा अनन्ता। कहहि सुनहि बहुविधि सब संता। -- साधक नाम जपहिं लय लाएं। होहिं सिद्ध अनिमादिक पाएं।। -- अतिथि पूज्य प्रियतम पुरारि के । कामद धन दारिद्र दवारिके।।

सोमवार, 22 जून 2015

मध्य प्रदेश पत्रकार हत्याकांड की जांच एआईटी को


journalist-murder-case-handed-to-sit
मध्य प्रदेश के बालाघाट जिले में एक पत्रकार केा अगवा कर हत्या कर देने के मामले की जांच विशेष जांच दल (एसआईटी) करेगा। इस मामले में दो आरोपी गिरफ्तार कर लिए गए हैं, वहीं एक फरार आरोपी पर पुलिस ने 30 हजार का इनाम घोषित किया है। जिला मुख्यालय से लगभग 40 किलोमीटर दूर कटंगी क्षेत्र से शुक्रवार की देर शाम पत्रकार संदीप कोठारी (28 वर्ष) का कार सवार लोगों ने अपहरण कर लिया था। संदीप अपने एक मित्र ललित के साथ मोटरसाइकिल से थे। आरोपियों ने संदीप के मित्र की जमकर पिटाई की थी और उसे मौके पर ही छोड़ दिया था।

बालाघाट परिक्षेत्र के पुलिस महानिरीक्षक डी.सी. सागर ने सोमवार को बताया कि कोठारी के अपहरण की जानकारी मिलते ही पुलिस ने तलाशी अभियान तेज कर दिया और दो संदिग्धों- विशाल तांडी और ब्रजेश डहरवाल को हिरासत में लेकर पूछताछ की तो उन्होंने अपहरण के बाद हत्या कर जलाकर मारने की बात स्वीकारी। सागर के मुताबिक, वर्धा पुलिस शव को रेलवे ट्रैक के पास से शनिवार को ही बरामद कर चुकी थी और उसके लिए मृतक अज्ञात था।  बालाघाट पुलिस ने वर्धा पहुंचकर कोठारी का शव बरामद कर किया और सोमवार को उनका अंतिम संस्कार कर दिया गया। पुलिस हत्या की मुख्य वजह का पता लगाने में जुटी है।

स्थानीय लोगों का कहना है कि कोठारी तीन वर्ष पूर्व एक दैनिक समाचार पत्र के पत्रकार थे, वर्तमान में भी वे लेखन का कार्य किए जा रहे थे। आरोपियों का चिटफंड, खनन सहित अन्य कारोबार है। केाठारी इन आरोपियों की गतिविधियों के खिलाफ समाचार लिखते रहे हैं। सागर ने आगे बताया कि हत्याकांड को अंजाम देने वाले दो आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया गया है, वहीं एक आरोपी राकेश फरार है। फरार आरोपी राकेश सर्नवानी पर 30 हजार रुपये का इनाम घोषित किया गया है। पुलिस हत्या की वजह आपसी लेनदेन को मान रही है। 

इस मामले की जांच के लिए अनुविभागीय अधिकारी, पुलिस (एसडीओपी) के नेतृत्व में छह सदस्यीय एसआईटी का गठन कर दिया गया है। जांच में जो तथ्य सामने आएंगे, उस आधार पर कार्रवाई की जाएगी। सागर ने कहा कि यह हत्या समाचार लेखन को लेकर नहीं है, कुछ वर्ष पूर्व जरूर दोनों के बीच खबर लिखने को लेकर विवाद हुआ था। कोठारी के खिलाफ भी मामले दर्ज हैं और उनके खिलाफ जिलाबदर जैसी कार्रवाई भी हुई है।

वहीं संदीप कोठारी के भाई नवनीत का कहना है कि उनके भाई की हत्या में खनिज, भूमाफिया का हाथ है। इस मामले की केद्रीय अन्वेषण ब्यूरो (सीबीआई) से कराई जाए। इस मांग को राज्य के गृहमंत्री बाबू लाल गौर ने नकार दिया है। साथी की हत्या को लेकर राज्य के पत्रकारों में रोष व्याप्त है। वे इस जघन्य घटना की न केवल निंदा कर रहे हैं, बल्कि पत्रकारों की सुरक्षा को लेकर चिंतित भी हैं। विभिन्न संगठनों और पत्रकारों ने बढ़ती आपराधिक घटनाओं पर चिंता जताते हुए सरकार से पत्रकारों की सुरक्षा की अपील की है।

कोई टिप्पणी नहीं: