पटना, 20 जुलाई। वामदलों के संयुक्त आह्वान पर देषव्यापी भ्रष्टाचार विरोधी दिवस समूचे बिहार में मषाल जुलूस, नुक्कड़ सभाओं और नरेन्द्र मोदी सरकार के घोटालेबाज मंत्रियों/मुख्यमंत्रियों के पुतला दहन के साथ संपन्न हुआ। सभी वामदलों ने अलग-अलग जुलूस निकालकार राजधानी पटना के विभिन्न हिस्सों में पुतला दहन कर मोदी गेट और व्यापम घोटालों की सुप्रीम कोर्ट की देखरेख में सीबीआई द्वारा जाँच कराकर दोषियों को सख्त सजा देने की मांग की। भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी ंके प्रदेष कार्यालय से निकाले गये मषाल जुलूस का नेतृत्व पार्टी के राज्य सचिवमंडल सदस्य रामनरेष पाण्डेय एवं राम बाबू कुमार समेत दर्जनों प्रमुख नेताओं ने किया। पार्टी के जिला कार्यालय से निकाले गये मषाल जुलूस का नेतृत्व जिला सचिव रामलाला सिंह ने किया।
इस मौके पर कल 21 जुलाई को संयुक्त वाम ब्लाॅक द्वारा मोदी सरकार द्वरा बारंबार लाए जा रहे गाँव और किसान विरोधी भूमि अधिग्रहण अध्यादेष की वापसी, किसानों, मजदूरों, गरीबों की ज्वलंत समस्याओं से जुड़ी 12-सूत्री मांगों को लेकर बिहार बंद को मुक्कमिल तौर पर कामयाब बनाने के लिए संकल्प वामदलों के कार्यकत्र्ताओं ने लिया। कल सुबह से वामदलों और बंद समर्थक संगठनों के कार्यकत्र्ता और नेता राज्य भर में सड़कों पर उतर कर बंद को कामयाब बनाने में जुट जाएंगे।
प्राप्त सूचना के अनुसार राजधानी पटना के एक दो स्थलों पर भाजपा समर्थकों ने भाकपा के प्रचार वाहनों पर हमला करने की हताष कोषिषें की। परंतु कामयाब नहीं हुए। पार्टी के राज्य सचिव सत्य नारायण सिंह ने इस प्रकार की घटना की निंदा करते हुए स्पष्ट ऐलान किया कि भाजपाई यदि गुंडागर्दी पर उतरे तो उनका मुहतोड़ जवाब दिया जाएगा।

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