भाकपा-माले की बिहार राज्य कमिटी ने आज 23 नवम्बर को जहानाबाद जिले के किनारी बाजार में एकदिवसीय राज्यस्तरीय सांगठनिक कार्यशाला का आयोजन किया है. बढ़ते सामंती-सांप्रदायिक फासीवादी खतरे का मुकाबला करने के लिए कम्युनिस्ट पार्टी के संगठन को मजबूत करने के उद्देश्य से यह कार्यशाला आयोजित की गयी है. कार्यशाला का उद्घाटन करते हुए भाकपा-माले केंद्रीय कमिटी के सदस्य व कंट्रोल कमीशन के चेयरमैन काॅ. रामजतन शर्मा ने कहा कि देश में फासीवाद का खतरा लगातार बढ़ता जा रहा है. भाजपा व संघ गिरोह ने राष्ट्रवाद की आड़ में आम जनता पर हमला बोल दिया है. दलितों-अल्पसंख्यकों-महिलाओं-छात्र-नौजवानों को खासकर निशाना बनाया जा रहा है. अब सरकार ने नोटबंदी के जरिए देश में आर्थिक आपातकाल थोप दिया है. उन्होंने कहा कि इस नोटबंदी से कालाधन वापस नहीं आने वाला है, बल्कि इससे केवल आम जनता को ही परेशानी हो रही है. संघ गिरोह के फासीवादी अभियान का मुकाबला कम्युनिस्ट पार्टी का मजबूत संगठन ही कर सकता है. इसलिए आज कम्युनिस्ट पार्टी के संगठन को एक बार फिर से चुस्त-दुस्स्त करने, व्यापक और मारक बनाने की आवश्यकता है. कार्यशाला में भाकपा-माले राज्य सचिव कुणाल, पोलित ब्यूरो सदस्य अमर, भोजपुर के जिला सचिव जवाहर लाल सिंह, सिवान जिला सचिव नईमुद्दीन अंसारी सहित सभी जिलों के सचिव और सांगठनिक सेल के सदस्य भाग ले रहे हैं.
बुधवार, 23 नवंबर 2016
जहानाबाद में भाकपा-माले की राज्यस्तरीय सांगठनिक कार्यशाला
Tags
# बिहार
Share This
About आर्यावर्त डेस्क
बिहार
Labels:
बिहार
सदस्यता लें
टिप्पणियाँ भेजें (Atom)
संपादकीय (खबर/विज्ञप्ति ईमेल : editor@liveaaryaavart या वॉट्सएप : 9899730304 पर भेजें)

कोई टिप्पणी नहीं:
एक टिप्पणी भेजें