लखनऊ : युवा कथाकार मनोज कुमार पांडेय को पहला राम आडवाणी पुरस्कार - Live Aaryaavart (लाईव आर्यावर्त)

Breaking

प्रबिसि नगर कीजै सब काजा । हृदय राखि कौशलपुर राजा।। -- मंगल भवन अमंगल हारी। द्रवहु सुदसरथ अजिर बिहारी ।। -- सब नर करहिं परस्पर प्रीति । चलहिं स्वधर्म निरत श्रुतिनीति ।। -- तेहि अवसर सुनि शिव धनु भंगा । आयउ भृगुकुल कमल पतंगा।। -- राजिव नयन धरैधनु सायक । भगत विपत्ति भंजनु सुखदायक।। -- अनुचित बहुत कहेउं अग्याता । छमहु क्षमा मंदिर दोउ भ्राता।। -- हरि अनन्त हरि कथा अनन्ता। कहहि सुनहि बहुविधि सब संता। -- साधक नाम जपहिं लय लाएं। होहिं सिद्ध अनिमादिक पाएं।। -- अतिथि पूज्य प्रियतम पुरारि के । कामद धन दारिद्र दवारिके।।

मंगलवार, 25 दिसंबर 2018

लखनऊ : युवा कथाकार मनोज कुमार पांडेय को पहला राम आडवाणी पुरस्कार

manoj-pandey-ram-adwani-award
लखनऊ (आर्यावर्त संवाददाता) । लखनऊ साहित्य महोत्सव ने इस बार तय किया कि वह लखनऊ की सामाजिक समरसता की संस्कृति में रचे बसे मशहूर पुस्तक प्रेमी विद्वान राम आडवाणी के नाम पर हर साल किसी ऐसे लेखक को पुरस्कृत करेगा जिसके साहित्य में वह मूल्य रचे बसे होंगे जिन्हें राम आडवाणी ने जीवन-पर्यंत जिया। इस कड़ी में 2018 के लिए पहला राम आडवाणी पुरस्कार युवा कथाकार मनोज कुमार पांडेय को दिनांक 17 नवंबर 2018 को वरिष्ठ कथाकार मृणाल पांडे के हाथों दिया गया। ज्ञातव्य है कि मनोज कुमार पांडेय के तीन कहानी संग्रह प्रकाशित हो चुके हैं और उन्हें हिंदी की नयी पीढी के सबसे प्रतिभाशाली कथाकारों में माना जाता है। समारोह में मंच पर वरिष्ठ आलोचक वीरेंद्र यादव, प्रसिद्ध कथाकार अखिलेश, पत्रकार राहुल देव, कनकरेखा चौहान, यूनुस खान, सत्यानंद निरुपम, प्रभात रंजन सहित लखनऊ के अनेक गणमान्य साहित्य प्रेमी नागरिक मौजूद थे। पुरस्कार के निर्णायकों में वीरेंद्र यादव, अखिलेश और लखनऊ साहित्य महोत्सव की आयोजक कनकरेखा चौहान शामिल थीं।

कोई टिप्पणी नहीं: