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गुरुवार, 11 जुलाई 2019

असंतुष्ट विधायकों के न्यायालय पहुंचने से स्थिति ‘‘संदेहास्पद’’ लग रही है

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बेंगलुरु, 11 जुलाई, कांग्रेस-जद (एस) गठबंधन के असंतुष्ट विधायकों से मुलाकात करने से पहले गुरुवार को कर्नाटक विधानसभा अध्यक्ष के.आर रमेश कुमार ने कहा कि विधायकों के उच्चतम न्यायालय पहुंचने से स्थिति ‘‘संदेहास्पद’’ प्रतीत हो रही है। शीर्ष अदालत के निर्देश के अनुसार विधानसभा से इस्तीफा देने वाले कांग्रेस-जद (एस) के विधायक शाम छह बजे अध्यक्ष से मिलेंगे। कुमार ने विधानसभा के बाहर संवाददाताओं से कहा, ‘‘ मैंने उन्हें कभी (मेरे कार्यालय) आने से नहीं रोका। मुझे नहीं पता वे मुझसे मिलने के लिए उच्चतम न्यायालय क्यों गए।’’  उन्होंने कहा, ‘‘ मुझे मिलने के लिए उन्हें अदालत का रुख करने की कोई जरूरत नहीं थी। वे स्वेच्छा से यहां आ सकते थे। इससे चीजें संदेहास्पद प्रतीत होती हैं।’’  कुमार ने कहा कि उन्होंने कभी विधायकों से मिलने से इनकार नहीं किया। इस्तीफे पर आज ही निर्णय लेने के सवाल पर उन्होंने कहा कि शीर्ष अदालत ने उनसे मामले में फैसला लेने को कहा है, लेकिन क्या निर्णय लिया जाना है यह नहीं कहा है। उच्चतम न्यायालय ने गुरुवार को कर्नाटक के कांग्रेस-जद (एस) गठबंधन के 10 बागी विधायकों को शाम छह बजे विधानसभा अध्यक्ष से मिलने और अपने इस्तीफे के संबंध में जानकारी देने की अनुमति दी थी। प्रधान न्यायधीश रंजन गोगोई की अध्यक्षता वाली एक पीठ ने कर्नाटक विधानसभा अध्यक्ष को आज गुरुवार को ही विधायकों के इस्तीफे पर निर्णय लेने और लिए गए निर्णय की जानकारी शुक्रवार को मामले की अगली सुनवाई के दौरान देने का निर्देश भी दिया था। इससे पहले, मामले की सुनवाई शुरू होते ही पीठ ने स्पष्ट किया कि वह सिर्फ उन 10 विधायकों के मामले में आदेश पारित कर रही है जो हमारे पास आए हैं, अन्य के लिये नहीं। अगर बागी विधायकों के इस्तीफे स्वीकार किए जाते हैं तो सत्तारूढ़ गठबंधन के समर्थक विधायकों की संख्या 106 हो जाएगी जबकि भाजपा को 107 विधायकों का समर्थन हासिल है। राज्य की 224 सदस्यीय विधानसभा में बहुमत का आंकड़ा 113 है।

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