मधुबनी : रेलवे के अवैध परिसरों के अतिक्रमण में दिख रही रेल प्रशासन की मिलीभगत - Live Aaryaavart (लाईव आर्यावर्त)

Breaking

प्रबिसि नगर कीजै सब काजा । हृदय राखि कौशलपुर राजा।। -- मंगल भवन अमंगल हारी। द्रवहु सुदसरथ अजिर बिहारी ।। -- सब नर करहिं परस्पर प्रीति । चलहिं स्वधर्म निरत श्रुतिनीति ।। -- तेहि अवसर सुनि शिव धनु भंगा । आयउ भृगुकुल कमल पतंगा।। -- राजिव नयन धरैधनु सायक । भगत विपत्ति भंजनु सुखदायक।। -- अनुचित बहुत कहेउं अग्याता । छमहु क्षमा मंदिर दोउ भ्राता।। -- हरि अनन्त हरि कथा अनन्ता। कहहि सुनहि बहुविधि सब संता। -- साधक नाम जपहिं लय लाएं। होहिं सिद्ध अनिमादिक पाएं।। -- अतिथि पूज्य प्रियतम पुरारि के । कामद धन दारिद्र दवारिके।।

गुरुवार, 5 दिसंबर 2019

मधुबनी : रेलवे के अवैध परिसरों के अतिक्रमण में दिख रही रेल प्रशासन की मिलीभगत



जयनगर/मधुबनी (हिरेन पासवान) मधुबनी जिले के जयनगर में रेलवे के कुछ अधिकारियों की मिलीभगत से रेलवे को हो रहा भारी नुकसान। रेलवे स्टेशन के बाहरी परिसर, दक्षिणी इलाका, पश्चिमी इलाके पर अवैध तरीके से लोगों को जमीन किराये पर दिया जा रहा है। इसमें शहीद चौक स्तिथ मछली बाजार है, जो किसी बड़े रसूखदार दलाल को किराए पर रेसुब के मिलीभगत से दिया गया है। बस स्टैंड के पास की भी जमीन रेलवे सुरक्षा बल के अधिकारियों ने अपनी जेब गर्म कर चिन्हित कुछ दलाल रसूखदारों को किराए पर दे रखा है। इसका भारी आर्थिक नुकसान रेलवे को भुगतना पड़ रहा है। इसी कारण कई बार आईओडब्लू  रेलवे विभाग को परेशानी का सबब बन जाता है बाद में खाली कराने के नाम पर। इसमें जयनगर के कुछ दलाल पत्रकार भी शामिल हैं जी इस तरह की आपराधिक ओर गलत प्रक्रिया में शामिल है।  इस बाबत जब रेलवे सुरक्षा बल के प्रभारी नागेंद्र सिंह से हमने पूछा तो उन्होंने अपना पल्ला झाड़ लिया। उन्होंने कहा कि ये सब गलत खबर है, और ये सब काम खाली कराने का आईओडब्लू  रेलवे विभाग का है। पर जो स्थती मालगोदाम पर देखने को मिलती है वो इससे साफ अलग है। साफ-साफ दिखाई देता है कि प्रभारी की मिलीभगत है इसमें।

कोई टिप्पणी नहीं: