बिहार : बहुतायत जनसंख्या मां मरियम की तीर्थ स्थान मोकामा जाने को बेताब - Live Aaryaavart

Breaking

प्रबिसि नगर कीजै सब काजा I ह्रदय राखि कौसलपुर राजा II, हरिजन जानि प्रीति अति गाढ़ी। सजल नयन पुलकावलि बाढ़ी॥, मंगल भवन अमंगल हारी I द्रवहु सुदसरथ अजिर बिहारी II, हरि अनंत हरि कथा अनंता I कहहि सुनहि बहुबिधि सब संता II, दीन दयाल बिरिदु संभारी । हरहु नाथ मम संकट भारी।I, माता पिता की सेवा करें....बुजुर्गों का ख्याल रखें...अपनी प्रतिभा और आचरण से देश का नाम रौशन करें...

मंगलवार, 28 जनवरी 2020

बिहार : बहुतायत जनसंख्या मां मरियम की तीर्थ स्थान मोकामा जाने को बेताब

mother-mariam
पटना,28 जनवरी। ईसाइयों की जनसंख्या राजधानी में अधिक है। बहुतायत जनसंख्या मां मरियम की तीर्थ स्थान मोकामा जाने को बेताब हैं। पूर्व मुखिया भाई धर्मेंद्र ने 18 बस की व्यवस्था कर दी है। गत 20 वर्षों से भाई धर्मेंद्र मां मरियम के भक्तों को मरियम के द्वार पहुंचाने की सेवा में लगे हैं। स्वागतम स्टेशनरी दुकान के ऑनर जेरी हेनरी ने कहा कि हमलोग न्यूनतम राशि पचास रू.लेकर भक्तों को पटना से मोकामा और मोकामा से पटना लाने की व्यवस्था करते हैं।अभी तक 18 बसों में मरियम भक्तों को सुरक्षित सीट देने के लिए पंजीकृत कर लिए हैं।एक बस में चालीस सीट है। वहीं अल्पसंख्यक ईसाई कल्याण संघ ने भी बस की व्यवस्था की है।मां मरियम मोकामा तीर्थ यात्रा की 11 वीं भेंट है। एक्सटीटीआई मरियम टोला के भक्तों में अमन वर्मा,अंशु कुमार, कुंदन साह,पप्पू कुमार ने जानकारी दी है। बीस साल से कुर्जी पल्ली में रहने वाले मां मरियम भक्त पदयात्रा करके मां मरियम के द्वार पर माथा पटकने जाते हैं। कुर्जी पल्ली के सहायक पल्ली पुरोहित फादर जुनस ने कहा कि इस साल भी कुर्जी पल्ली के मरियम भक्त कुर्जी पैदल यात्री के बैनर तले मोकामा जाएंगे। पदयात्रियों के साथ बैठक की गयी।बैठक में 35 लोग शामिल थे।दावा कर रहे थे कि 100 से अधिक लोग पैदल जाएंगे ही।गत वर्ष भी इसी तरह करके सैकड़ों लोग गए।उन्होंने कहा कि कुर्जी पैदल यात्रियों का नेतृत्व विनय पंचम,नीरज जोसेफ,संजय साह,प्रदीप साह, रोहित,रजनी कुजूर,करूणा डेविड आदि लोग करेंगे। नेतृत्व करने वालों में से एक विनय पंचम ने बताया कि कुर्जी पल्ली से मरियम भक्त बीस साल से जा रहे हैं। जाने वालों से 250 रू.लेकर पंजीकृत किया जा रहा है।उनको एक टी-शर्ट दिया जाता है।खाने और पीने की व्यवस्था रहती है। संजय नामक भक्त के द्वारा एम्बुलेंस उपलब्ध कराया जाता है।इसमें दवा-दारू लेकर मेल नर्स तैनात रहते हैं। उन्होंने कहा कि हमलोग 31जनवरी को तड़के तीन बजे सुबह जमा हो जाते हैं। कुर्जी पल्ली के पुरोहित आर्शीवाद देकर प्रस्थान कर देते हैं। चक्के से जुड़ी पालकी पर मां मरियम को सवार करके मां मरियम भक्त सफर शुरू कर देते हैं। वातावरण प्रार्थनामय बनाकर रखा जाता है। माला विनती पढ़ा जाता है। सुबह साढ़े तीन बजे पैदल चलकर पटना महाधर्मप्रांत के बांकीपुर स्थित बिशप हाउस पहुंचते हैं।यहां पर कोई फादर प्रार्थना करके विदा कर देते हैं।उसके बाद ऐतिहासिक पादरी की हवेली में पहुंचते हैं। वहां से आगे बढ़कर जीरो माइल पहुंचने पर भक्त केडी यादव के द्वारा नास्ता करायी जाती है। नास्ता करने के बाद फतुहा चर्च पहुंचने पर चर्च में मिस्सा सुना जाता है। यहां से चलकर बख्तियारपुर चर्च में रात्रि ठहराव होता है।चर्च के फादर भोजन करवाते हैं। उन्होंने कहा कि 01फरवरी को तड़के तीन बजे सुबह तैयार होकर साढ़े तीन बजे चलना शुरू कर देते हैं।बाढ़ चर्च में आराम करके बढ़ा जाता है।आराम कर-करके साढ़े सात बजे शाम में मोकामा पहुंचने पर शशि कुमार के नेतृत्व में मोकामा के यूथ के द्वारा स्वागत की जाती है।इसके बाद कुर्जी पैदल यात्री दल के भक्त  माता मरियम का दर्शन करने चले जाते हैं। वहां से लौटने के बाद 110 किलोमीटर चलने वाले भक्तगण गर्म पानी में पैर डूबाकर आनंद महसूस करते हैं और  स्नान करते हैं। भोजन करके सो जाते हैं। उन्होंने कहा कि 02 फरवरी को सुसज्जित मां मरियम को पालकी में बैठाकर झांकी निकाली जाती है।

कोई टिप्पणी नहीं: