करतारपुर के लिए भारतीय श्रद्धालुओं को पासपोर्ट मुक्त प्रवेश पर विचार - Live Aaryaavart (लाईव आर्यावर्त)

Breaking

प्रबिसि नगर कीजै सब काजा । हृदय राखि कौशलपुर राजा।। -- मंगल भवन अमंगल हारी। द्रवहु सुदसरथ अजिर बिहारी ।। -- सब नर करहिं परस्पर प्रीति । चलहिं स्वधर्म निरत श्रुतिनीति ।। -- तेहि अवसर सुनि शिव धनु भंगा । आयउ भृगुकुल कमल पतंगा।। -- राजिव नयन धरैधनु सायक । भगत विपत्ति भंजनु सुखदायक।। -- अनुचित बहुत कहेउं अग्याता । छमहु क्षमा मंदिर दोउ भ्राता।। -- हरि अनन्त हरि कथा अनन्ता। कहहि सुनहि बहुविधि सब संता। -- साधक नाम जपहिं लय लाएं। होहिं सिद्ध अनिमादिक पाएं।। -- अतिथि पूज्य प्रियतम पुरारि के । कामद धन दारिद्र दवारिके।।

शनिवार, 8 फ़रवरी 2020

करतारपुर के लिए भारतीय श्रद्धालुओं को पासपोर्ट मुक्त प्रवेश पर विचार

no-pasport-for-kartarpur
इस्लामाबाद, आठ फरवरी, पाकिस्तान के गृह मंत्री इजाज शाह ने कहा है कि उनका देश गुरद्वारा दरबार साहिब के लिए और अधिक आंगुतकों को आकर्षित करने के लिए भारतीय श्रद्धालुओं को बिना पासपोर्ट के करतारपुर गलियारे में प्रवेश देने के एक प्रस्ताव पर विचार कर रहा है। पिछले साल नवंबर में पाकिस्तान और भारत ने अपनी-अपनी सीमा के अंदर इस गलियारे के हिस्सों का अलग-अलग उद्घाटन किया था। यह गलियारा भारतीय सिख श्रद्धालुओं को पाकिस्तान में नारोवाल के करतापुर में पवित्र गुरद्वारा दरबार सिंह पहुंचने के लिए सबसे छोटा मार्ग उपलब्ध कराता है। करतारपुर साहिब में गुरूनानक देव ने अपने जीवन के आखिरी 18 साल गुजारे थे। गृह मंत्री ने शुक्रवार को नेशनल एसेम्बली में प्रश्नकाल के दौरान कहा कि फिलहाल, भारत और पाकिस्तान के बीच हुए समझौते के तहत भारतीय श्रद्धालुओं को बिना पासपोर्ट के करतारपुर गलियारे में जाने की इजाजत नहीं है।  उन्होंने कहा कि लेकिन और अधिक पर्यटकों को आकर्षित करने के लिए उन्हें बिना पासपोर्ट के आने देने के प्रस्ताव पर विचार किया जा रहा है और जिसके लिए विदेश मंत्रालय से विस्तृत संबंधित सूचनाएं मांगी जा सकती है।

कोई टिप्पणी नहीं: