ऋषि कपूर की आखिरी इच्छा रह गयी अधूरी - Live Aaryaavart

Breaking

प्रबिसि नगर कीजै सब काजा I ह्रदय राखि कौसलपुर राजा II, हरिजन जानि प्रीति अति गाढ़ी। सजल नयन पुलकावलि बाढ़ी॥, मंगल भवन अमंगल हारी I द्रवहु सुदसरथ अजिर बिहारी II, हरि अनंत हरि कथा अनंता I कहहि सुनहि बहुबिधि सब संता II, दीन दयाल बिरिदु संभारी । हरहु नाथ मम संकट भारी।I, माता पिता की सेवा करें....बुजुर्गों का ख्याल रखें...अपनी प्रतिभा और आचरण से देश का नाम रौशन करें...

गुरुवार, 30 अप्रैल 2020

ऋषि कपूर की आखिरी इच्छा रह गयी अधूरी

rishi-kapoor-last-desire
मुंबई 30 अप्रैल, बॉलीवुड में अपने दमदार अभिनय से दर्शकों का मनोरंजन करने वाले ऋषि कपूर की ख्वाहिश थी कि उनके जीवित रहते उनके बेटे रणबीर कपूर की शादी हो जाये जो उनके निधन के बाद अधूरी रह गयी।ऋषि कपूर ने गुरुवार को इस दुनिया को अलविदा कह दिया है। ऋषि कपूर ने अपने करियर में काफी ऊंचाइयां देखीं लेकिन निजी जिंदगी में उनकी एक इच्छा अधूरी रह गई। कैंसर का इलाज कराकर जब ऋषि कपूर ने वापसी की तो लगा था उनका अधूरा सपना अब पूरा हो जाएगा ,लेकिन यह पूरा नहीं हो सका।ऋषि कपूर चाहते थे कि उनके बेटे रणबीर कपूर की शादी जल्द से जल्द हो जाए। कई बार ये खबर भी आई कि रणबीर की शादी की तारीख निकलने वाली है। फिल्म 'ब्रह्मास्त्र' की शूटिंग के चलते रणबीर के शादी की डेट आगे बढ़ती रही और फिर कोरोना संकट के चलते देशभर में लॉकडाउन हो गया। बताया जा रहा है कि ऋषि कपूर ने अपनी होने वाली बहू आलिया भट्ट से कई बार मुलाकात की। साथ डिनर भी किया लेकिन बेटे को दूल्हा बने देखने की ऋषि की अंतिम ख्वाहिश अधूरी ही रह गयी। ऋषि कपूर ने एक बार कहा था कि बेटे की शादी देखना बाकी रह गया है।

कोई टिप्पणी नहीं: