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रविवार, 2 अगस्त 2020

बिहार : सरकार कोरोना जाँच में आँकड़ों का खतरनाक गेम खेल रही है: तेजस्वी

अपनी विफलताएँ छिपाने के लिए लोगों की जान के साथ मत   खेलिए........
tejswi-attck-governmentपटना. बिहार विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव ने बिहार सरकार पर आरोप लगाया है कि सरकार कोरोना जाँच में आँकड़ों का खतरनाक गेम खेल रही है.लगभग 5 महीनों बाद भी अब टेस्ट संख्या बढ़ाने के लिए ये एंटी-जन Anti-gen टेस्ट बढ़ा रहे है और आरटी-पीसीआर RT-PCRटेस्ट नाम मात्र के कर रहे है.उन्होंने सरकार को फिर भीआगाह किया है कि अपनी विफलताएँ छिपाने के लिए लोगोंकी जान के साथ मत खेलिए. आखिर नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव ने एंटी-जन और आरटी-पीसीआर टेस्ट को लेकर सवाल क्यों उठाया है! रैपिड एंटीजनटेस्ट (रैट) क्या है! कोरोना संक्रमण के वायरस की जांच कीजाती है.


तरीका क्या है! नाक से स्वैब लिया जाता है. वायरस में पाएजाने वाले एंटीजन का पता चलता है.

रिजल्ट आने में कितना समय लगता है! 20 मिनट

एक्यूरेसी कितनी है! : अगर टेस्ट पॉजिटिव है तो इसकीविश्वसनीयता लगभग 100 प्रतिशत है। मगर 30-40 प्रतिशतमामलों में यह निगेटिव रह सकता है. उस स्थिति में आरटी-पीसीआर टेस्ट किया जा सकता है.

आरटी- पीसीआर टेस्ट क्या है! :  कोरोना वायरस की जांच कातरीका है. इसमें वायरस के आरएनए की जांच की जाती है. आरएनए वायरस का जेनेटिक मटीरियल है.

तरीका क्या है! : नाक एवं गले के तालू से स्वैब लिया जाता है.येटेस्ट लैब में ही किए जाते हैं.

रिजल्ट आने में कितना समय लगता है!  12 से 16 घंटे
एक्यूरेसी कितनी है!  टेस्टिंग की इस पद्धति की विश्वसनीयतालगभग 60 प्रतिशत है. कोरोना संक्रमण के बाद भी टेस्टनिगेटिव आ सकता है. मरीज को लक्षणिक रूप से भी देखाजाना जरूरी है. प्राप्त जानकारी के अनुसार बिहार में काफी कम कोरोना टेस्टहो रही है. इससे बिहार सरकार की  किरकिरी होने लगी. तबसरकार ने 38 जिलों में एंटी-जन टेस्ट कराने का निर्णयलिया.तब कोरोना जांच करवाने के लिए मानव संसाधनउपलब्ध करवाने की जिम्मेवारी जिले  के असैनिक शल्यचिकित्सक सह मुख्य चिकित्सा पदाधिकारी कोसौंपा.असैनिक शल्य चिकित्सक सह मुख्य चिकित्सापदाधिकारी ने पांच माह से अधिक माह से वेतन नहीं मिलनेवाले ए.एन.एम. से एंटी-जन टेस्ट करने का निर्णय लिया. एकदिन का प्रशिक्षण देकर कोरोना टेस्ट करने की जिम्मेवारीए.एन.एम. पर थोप दिया.

प्राप्त जानकारी के अनुसार असैनिक शल्य चिकित्सक सहमुख्य चिकित्सा पदाधिकारी,पटना के कार्यालय आदेशानुसारपटना जिलान्तर्गत प्राथमिक स्वास्थ्य केन्द्र में कोरोना वायरसकी जांच किया है. 15 एएनएम को जांच के लिए22.07.2020 को प्रशिक्षित किया गया. प्रशिक्षित ए.एन.एम. अपने-अपने प्राथमिक स्वास्थ्य केन्द्र में कोरोना वायरस केंसंक्रमित मरीजों का जांच 26.07.2020 से शुरू कर दिये. मजे की बात है कि प्राथमिक स्वास्थ्य केन्द्र में जो लैबटेक्निशियन थे उनको शहरी प्राथमिक स्वास्थ्य केन्द्र मेंसंक्रमित मरीजों का जांच करने के लिए भेज दिया गया है. प्राथमिक स्वास्थ्य केन्द्र,मनेर में शमा प्रवीण और श्रीमतीमीनाक्षी कुमारी जांच करेंगी. प्राथमिक स्वास्थ्य केन्द्र, मसौढ़ीमें श्रीमती अनिता कुमारी और  संजू कुमारी, कमला कुमारीऔर कोकल राय,धनरूआ में, सुलेखा कुमारी और अंजूकुमारी,घोसवरी में, रजनी कुमारी और कुमारी अंजू सिन्हा, दानापुर में, रजनीकांत चक्रवर्ती और मधु कुमारी, पंडारक में, लवली कुमारी और निर्मला कुमारी, पुनपुन में, नेहा कुमारीऔर सावित्री कुमारी, बेल्छी, सविता कुमारी सिन्हा औरमालती कुमारी, अथमलगोला में, मुन्नी कुमारी और कंचनकुमारी, दनियावां में, सुचिता कुमारी और ममताकुमारी,बख्तियारपुर में, रंजना कुमारी और मालतीकुमारी,फतुहां में, रेशमी दत्ता और आराधना कुमारी, दुल्हिनबाजार, नेहा कुमारी और सुलेखा कुमारी, फुलवारीशरीफ औरशिवानी कुमारी,बिहटा और ललीता देवी, सम्मतचक मेंसंक्रमित मरीजों का जांच कर रही हैं.

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