तीनों कानूनों को तत्काल वापस ले सरकार, चर्चा के लिए सत्र बुलाए : कांग्रेस - Live Aaryaavart

Breaking

प्रबिसि नगर कीजै सब काजा I ह्रदय राखि कौसलपुर राजा II, हरिजन जानि प्रीति अति गाढ़ी। सजल नयन पुलकावलि बाढ़ी॥, मंगल भवन अमंगल हारी I द्रवहु सुदसरथ अजिर बिहारी II, हरि अनंत हरि कथा अनंता I कहहि सुनहि बहुबिधि सब संता II, दीन दयाल बिरिदु संभारी । हरहु नाथ मम संकट भारी।I, माता पिता की सेवा करें....बुजुर्गों का ख्याल रखें...अपनी प्रतिभा और आचरण से देश का नाम रौशन करें...

मंगलवार, 8 दिसंबर 2020

तीनों कानूनों को तत्काल वापस ले सरकार, चर्चा के लिए सत्र बुलाए : कांग्रेस

congress-demand-withdraw-farmer-law
नयी दिल्ली, आठ दिसंबर, कांग्रेस ने किसान संगठनों की ओर से आहूत ‘भारत बंद’ को सफल करार देते हुए मंगलवार को कहा कि केंद्र सरकार को तीनों कृषि कानून तत्काल वापस लेने चाहिए और कृषि संबंधी सुधारों पर चर्चा के लिए संसद का सत्र बुलाना चाहिए। पार्टी के वरिष्ठ नेता और हरियाणा के पूर्व मुख्यमंत्री भूपेंद्र सिंह हुड्डा ने यह दावा भी किया कि हरियाणा की भाजपा-जजपा सरकार जनता का समर्थन और विधानसभा के भीतर बहुमत गवां चुकी है और अब वहां विधानसभा का विशेष सत्र बुलाया जाना चाहिए। हुड्डा ने संवाददाताओं से कहा, ‘‘विधानसभा का विशेष सत्र होने पर पहले दिन ही अविश्वास प्रस्ताव लाया जाएगा।’’ किसान संगठनों के ‘भारत बंद’ के संदर्भ में उन्होंने कहा, ‘‘समाज के सभी तबकों और संगठनों का समर्थन मिला है जिससे साबित होता है कि यह ‘भारत बंद’ सफल रहा है।’’ उन्होंने कहा, ‘‘अगर किसान आज इस स्थिति में दिल्ली के निकट बैठे हैं तो इसकी सबसे बड़ी जिम्मेदारी हरियाणा सरकार की है। कोई सरकार किसानों को दिल्ली आने से कैसे रोक सकती है और कैसे ठंड में पानी की बौछार कर सकती है? हरियाणा सरकार के कई मंत्रियों ने भी किसानों का अपमान किया।’’ हुड्डा ने दावा किया कि इन कानूनों के अमल में आने से रोजमर्रा की जरूरत की सब्जियों और अनाज की जमाखोरी बढ़ेगी। उन्होंने कहा, ‘‘इन कानूनों में किसी सुधार का कोई संकेत नहीं मिलता। इसलिए सरकार को इन्हें वापस लेना चाहिए। आप तत्काल संसद का सत्र बुलाकर चर्चा करें कि क्या सुधार लाना चाहते हैं। राज्यों से, संबंधित पक्षों से बात करनी चाहिए। अगर वो किसानों के हित में होगा तो हम उसका स्वागत करेंगे।’’ हुड्डा ने कहा, ‘‘कांग्रेस के घोषणापत्र में एपीएमसी का उल्लेख होने को लेकर भाजपा की ओर से तथ्यों को गलत ढंग से पेश किया जा रहा है। हमने मंडियों के विस्तार की बात की थी और यह किसानों के हित में था।’’

कोई टिप्पणी नहीं: