कुढ़नी. न्याय एवं शांति पदयात्रा नौवां दिन भी जारी है.एकता परिषद और सर्वोदय समाज के संयुक्त आह्वान पर न्याय और शान्ति पदयात्रा – 2021 देश के 105 जिलों के साथ-साथ विश्व के 25 देशों में आयोजित की जा रही है.बिहार के 15 जिलों में पदयात्रा जारी है.इसमे लगभग पांच हजार पदयात्री पैदल चल रहे हैं और लगभग दस हजार किलोमीटर की दूरी तय की जाएगी.इस ऐतिहासिक पदयात्रा का समापन 2 अक्टूबर को गांधी जयंती के मौके पर की जाएगी. 2 अक्टूबर को दुनिया में अन्तरराष्ट्रीय अहिंसा दिवस के रूप में मनाया जाता है. मालूम हो कि राजधानी पटना जिला के नौबतपुर में एकता परिषद के स्थापक राजगोपाल पी.व्ही.ने उपवास रखकर और पदयात्रा करके 21 सितंबर अन्तरराष्ट्रीय शांति दिवस के अवसर पर न्याय एवं शांति पदयात्रा प्रारंभ किया था.तब से मुजफ्फरपुर, उत्तर बिहार,के कुढ़नी प्रखंड के विभिन्न पंचायतों में पदयात्रा जारी है. आज 29 सितंबर 2021 न्याय एवं शांति पदयात्रा का नौवां दिन है. एकता परिषद, कुढ़नी में पदयात्रा का शुभारंभ जय जगत गीत एवं नारा लगाते हुए किया गया.पदयात्रा मोहनी से अंकुराहा होते चंद्रहटी पहुंचकर ग्राम सभा में तब्दील हो गयी.सभा में शिक्षा एवं खेल पर चर्चा हुई. चर्चा में राम लखींद्र प्रसाद संयोजक ,रामबाबू साहनी ,विशेश्वर गुप्ता ,विद्यानंद प्रसाद ने विचार व्यक्त कर कहा शिक्षा एवं खेल सभी अमीर -गरीब लड़का -लड़की को सम्मान रूप से शिक्षा मिलनी चाहिए. संस्कार बढ़ाने वाला शिक्षा चाहिए. रोजगार दिलाने वाला शिक्षा चाहिए. आज अशिक्षा के कारण गांव में गरीबी की संख्या बढ़ती जा रही है.आवासीय भूमि भूमिहीनता एवं युवा बेरोजगारी बड़ी समस्या हो गई है.जय जगत पदयात्रा का संचालन राम शीला देवी ने की और व्यवस्था में साथी बच्चू राम, नागेश्वर साहनी ,अरुण सिंह, राजकुमारी देवी,बसंत सिंह, भगवान लाल महतो ,जसोदा देवी इत्यादि ने की.
गुरुवार, 30 सितंबर 2021
बिहार : आज न्याय एवं शांति पदयात्रा नौवां दिन
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