रूस का युद्ध ‘नरसंहार‘ है, यूक्रेनियों का नामो निशान मिटा रहा है : बाइडन - Live Aaryaavart (लाईव आर्यावर्त)

Breaking

प्रबिसि नगर कीजै सब काजा I ह्रदय राखि कौसलपुर राजा II, हरिजन जानि प्रीति अति गाढ़ी। सजल नयन पुलकावलि बाढ़ी॥, मंगल भवन अमंगल हारी I द्रवहु सुदसरथ अजिर बिहारी II, हरि अनंत हरि कथा अनंता I कहहि सुनहि बहुबिधि सब संता II, दीन दयाल बिरिदु संभारी । हरहु नाथ मम संकट भारी।I, माता पिता की सेवा करें....बुजुर्गों का ख्याल रखें...अपनी प्रतिभा और आचरण से देश का नाम रौशन करें...

बुधवार, 13 अप्रैल 2022

रूस का युद्ध ‘नरसंहार‘ है, यूक्रेनियों का नामो निशान मिटा रहा है : बाइडन

russia-massecers-in-ukrain-biden
डेस मोइनेस (अमेरिका), 13 अप्रैल, अमेरिकी राष्ट्रपति जो बाइडन ने मंगलवार को कहा कि यूक्रेन में रूस का युद्ध ‘नरसंहार के बराबर’ है। उन्होंने रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन पर ‘यूक्रेनी होने के विचार तक को मिटाने’ की कोशिश करने का आरोप लगाया। बाइडन ने वाशिंगटन लौटने के लिए एयर फोर्स वन विमान में सवार होने से पहले आयोवा में पत्रकारों से बातचीत में कहा, ‘‘हां, मैंने इसे नरसंहार करार दिया है। यह साफ हो गया है कि पुतिन यूक्रेनी होने के विचार तक को मिटाने की कोशिश कर रहे हैं।’’ आयोवा के मेनलो में एक कार्यक्रम में युद्ध के कारण ईंधन की बढ़ती कीमतों के बारे में बाइडन ने कहा कि उन्हें लगता है कि पुतिन यूक्रेन के खिलाफ नरसंहार कर रहे हैं। हालांकि, अमेरिकी राष्ट्रपति ने कोई और जानकारी नहीं दी। बाइडन के नए आकलन के बीच न तो उन्होंने और न ही उनके प्रशासन ने रूस पर नए प्रतिबंध लगाने या यूक्रेन को अतिरिक्त सहायता देने की घोषणा की है। इस बीच, यूक्रेन के राष्ट्रपति वोलोदिमीर जेलेंस्की ने बाइडन की टिप्पणियों की सराहना की। उन्होंने ट्वीट किया, ‘‘एक सच्चे नेता के सच्चे शब्द। बुराई का सामना करने के लिए चीजों को उनके नाम से पुकारना जरूरी है। हम अमेरिका से अब तक मिली मदद के लिए उसके आभारी हैं। हमें रूसी अत्याचारों से निपटने के लिए और अधिक भारी हथियारों की जरूरत है।’’ अमेरिकी राष्ट्रपति ने कहा कि यह तय करना वकीलों का काम है कि रूस की कार्रवाई नरसंहार से जुड़े अंतरराष्ट्रीय मानकों से मेल खाती है या नहीं। उन्होंने कहा, ‘‘रूस ने यूक्रेन में जो भयानक कृत्य किए हैं, उनसे जुड़े और सबूत सामने आ रहे हैं। हमें विनाश के बारे में और जानकारियां मिल रही हैं। वकीलों को तय करने दीजिए कि यह नरसंहार से जुड़े अंतरराष्ट्रीय मानकों के अनुसार है या नहीं।’’ गौरतलब है कि बाइडन ने पिछले हफ्ते रूस की कार्रवाई को ‘नरसंहार’ न बताते हुए केवल ‘युद्ध अपराध’ करार दिया था।

कोई टिप्पणी नहीं: