भारत एवं सिंगापुर के बीच समझौता को मंजूरी - Live Aaryaavart (लाईव आर्यावर्त)

Breaking

विजयी विश्व तिरंगा प्यारा , झंडा ऊँचा रहे हमारा। देश की आज़ादी के 75 वर्ष पूरे होने पर सभी देशवासियों को अनेकानेक शुभकामनाएं व बधाई। 'लाइव आर्यावर्त' परिवार आज़ादी के उन तमाम वीर शहीदों और सेनानियों को कृतज्ञता पूर्ण श्रद्धासुमन अर्पित करते हुए नमन करता है। आइए , मिल कर एक समृद्ध भारत के निर्माण में अपनी भूमिका निभाएं। भारत माता की जय। जय हिन्द।

बुधवार, 29 जून 2022

भारत एवं सिंगापुर के बीच समझौता को मंजूरी

india-singapur
प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी की अध्यक्षता में केंद्रीय मंत्रिमंडल को भारत गणराज्य के विज्ञान और प्रौद्योगिकी विभाग एवं सिंगापुर गणराज्य की सरकार के व्यापार और उद्योग मंत्रालय के बीच विज्ञान, प्रौद्योगिकी और नवाचार के क्षेत्र में सहयोग के बारे में हस्ताक्षरित एक समझौता ज्ञापन (एमओयू) से अवगत कराया गया। इस समझौता ज्ञापन पर फरवरी 2022 में हस्ताक्षर किए गए थे। यह समझौता ज्ञापन एक ऐसा तंत्र प्रदान करेगा जो इसके लिए इकोसिस्टम बनाने में मदद करेगा जिसमें परस्पर सहयोग के माध्यम से नई प्रौद्योगिकी निर्माण, जनशक्ति प्रशिक्षण, आईपी जनरेशन के लिए अग्रणी दोनों देशों में नवाचार और उद्यमिता को बढ़ावा दिया जा सकेगा। इस सहयोग के अंतर्गत क्रियान्वित गतिविधियों के माध्यम से नया ज्ञान और प्रौद्योगिकी संबंधी विकास आत्मनिर्भर भारत को गति प्रदान करेगा। यह समझौता ज्ञापन एक तंत्र प्रदान करेगा जो ऐसा इकोसिस्टम बनाने में मदद करेगा जिससे दोनों देशों में नवाचार और उद्यमिता को बढ़ावा मिलेगा ताकि परस्पर सहयोग के माध्यम से नई प्रौद्योगिकी निर्माण, जनशक्ति प्रशिक्षण एवं आईपी जनरेशन हो सके। समझौता ज्ञापन में परिकल्पित गतिविधियों में उत्पाद संबंधी विकास और प्रौद्योगिकी विनिमय भी शामिल होगा जिससे नए उद्यमों व रोजगार का सृजन हो सकता है। इस ज्ञापन का उद्देश्य भारत और सिंगापुर के बीच विज्ञान, प्रौद्योगिकी और नवाचार में समान रुचि के क्षेत्रों में सहयोग को प्रोत्साहित करना, उसे विकसित करना और सुविधाजनक बनाना है। आपसी हित के किसी भी क्षेत्र में ऐसे सहयोग को प्राथमिकता दी जाएगी जो निम्नलिखित क्षेत्रों  में अनुसंधान, नवाचार और तकनीकी विकास में प्रगति को आगे बढ़ा सके

कोई टिप्पणी नहीं: