इराक में संघर्ष में 30 लोग मारे गये,सैकड़ों घायल - Live Aaryaavart (लाईव आर्यावर्त)

Breaking

विजयी विश्व तिरंगा प्यारा , झंडा ऊँचा रहे हमारा। देश की आज़ादी के 75 वर्ष पूरे होने पर सभी देशवासियों को अनेकानेक शुभकामनाएं व बधाई। 'लाइव आर्यावर्त' परिवार आज़ादी के उन तमाम वीर शहीदों और सेनानियों को कृतज्ञता पूर्ण श्रद्धासुमन अर्पित करते हुए नमन करता है। आइए , मिल कर एक समृद्ध भारत के निर्माण में अपनी भूमिका निभाएं। भारत माता की जय। जय हिन्द।

मंगलवार, 30 अगस्त 2022

इराक में संघर्ष में 30 लोग मारे गये,सैकड़ों घायल

30-killed-hundreds-injured-in-conflict-in-iraq
बगदाद 30 अगस्त, इराक की राजधानी बगदाद में इराकी सुरक्षा बलों और एक शक्तिशाली शिया धर्मगुरु के समर्थकों के बीच लड़ाई कम से कम 30 लोग मारे गये हैं और सैकड़ों अन्य घायल हो गये हैं। मंगलवार को व्याप्त अशांति एवं ‘अत्यधिक तनाव’ के हालत को देखते हुए देश भर में कर्फ्यू लगा दिया गया। शिया धर्मगुरु मुक्तादा अल-सदर द्वारा राजनीति से अपनी स्थायी सेवानिवृत्ति की घोषणा के बाद सोमवार की हिंसा भड़क गई थी। अल-सदर ने ‘हिंसा और हथियारों के उपयोग’ समाप्त होने तक भूख हड़ताल शुरू की है। अल जज़ीरा ने अपने एक पत्रकार के हवाले से कहा,“हम रात भर गोलियों की आवाज़ सुन रहे हैं, मध्यम और हल्के हथियारों का इस्तेमाल किया गया है, हमने ग्रीन ज़ोन के अंदर कई विस्फोट भी सुने हैं।” ग्रीन जोन में विभिन्न देशों के दूतावास और सरकारी कार्यालय स्थित हैं। इराकी न्यूज एजेंसी ने सुरक्षा बलों के हवाले से कहा कि ग्रीन जोन की तरफ चार मिसाइल दागे गये। मिसाइलें एक आवासीय परिसर में जा गिरी जिससे काफी नुकसान हुआ। बयान में कहा गया, “मिसाइलों को राजधानी बगदाद के पूर्व में अल-हबीबिया और अल-बालादियात के इलाकों से लॉन्च किया गया।” रुक-रुक कर हो रही गोलीबारी और विस्फोटों की आवाजों से बगदाद के निवासी जाग गए। मीडिया रिपोर्टों में कहा गया है कि इराकी सुरक्षा बलों ने शिया धर्मगुरु मुक्तदा अल-सदर समर्थकों को रिपब्लिकन पैलेस, जहां प्रधानमंत्री कार्यालय स्थित है, और साथ ही आसपास के क्षेत्रों से बाहर कर दिया।

कोई टिप्पणी नहीं: