- एक-एक वोट का सही इस्तेमाल करें, यह चुनाव बिहार में बदलाव का चुनाव है
हमारी यात्रा के दौरान एक बात स्पष्ट दिखी - बिहार की जनता ने मन बना लिया है कि इस वोटचोरी को रोकना है और वोट का सही इस्तेमाल करके डबल इंजन सरकार को गद्दी से उतारना है. भाजपा बौखलाहट में कांग्रेस के दफ्तर पर हमला कर रही है. नीतीश कुमार जो पहले कहते थे कि एक यूनिट भी बिजली मुफ़्त नहीं देंगे, अब कह रहे हैं कि 125 यूनिट मुफ़्त बिजली देंगे. 400 रु. से 1100 रु. पेंशन की बात हो रही है, महिलाओं के खाते में 10,000 रु. डालने का वादा भी किया जा रहा है. पर याद रखिए, दो लाख रु. देने का वादा भी किया गया था गरीब परिवारों को - एक पैसा नहीं मिला. अब 10,000 रु. का झुनझुना थमाया जा रहा है, जो माइक्रोफाइनेंस कंपनियां तुरत हड़प लेंगी. जरूरत है कि महिलाओं को कर्ज से राहत मिले,उन्हें नियमित रोजगार मिले, 200 यूनिट बिजली मुफ़्त मिले. इन्हीं मुद्दों के साथ इंडिया गठबंधन आपके बीच है. यह चुनाव बदलाव का चुनाव है. ‘बदलो सरकार, बदलो बिहार’ अब जन-जन का नारा बन चुका है. पूरे देश की नजर बिहार पर है. इससे पूर्व, विधायक दल कार्यालय से आईपीएफ के संस्थापक महासचिव का. राजाराम के द्वितीय स्मृति दिवस पर श्रद्धांजलि सभा हुई. इसमें माले महासचिव का. दीपंकर भट्टाचार्य, राज्य सचिव कुणाल, सांसद राजाराम सिंह, धीरेन्द्र झा, शशि यादव, मीना तिवारी, अमर, केडी यादव, विधायक सत्यदेव राम, सरोज चौबे, मंजू प्रकाश, वीरेन्द्र प्रसाद गुप्ता, संदीप सौरभ, गोपाल रविदास, महानंद सिंह, अरुण सिंह, अजीत कुशवाहा, रामबली सिंह यादव सहित हजारों पार्टी कार्यकर्ता शामिल हुए. उसके बाद गांधी मैदान की ओर मार्च निकला और फिर वहां से इंडिया गठबंधन के नेताओं के साथ मुख्य मार्च की शुरुआत की गई. पटना महानगर के पार्टी कार्यकर्ताओं ने जगह-जगह लाल झंडों व बैनरों के साथ यात्रा में शामिल नेताओं का स्वागत किया. कई संगठनों ने अपने ज्ञापन भी नेताओं को सौंपे. ओल्ड पेंशन की बहाली और सरकारी विभागों में स्थायी बहाली की मांग पर महासंघ-गोप गुट ने का. दीपंकर भट्टाचार्य को ज्ञापन सौंपा. का. दीपंकर ने कहा - ये तो अंगड़ाई है, आगे लड़ाई जारी है.

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