वाराणसी : विकास की रफ्तार, कानून का भरोसा : 2027 में फिर बनेगी योगी सरकार - Live Aaryaavart (लाईव आर्यावर्त)

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बुधवार, 6 मई 2026

वाराणसी : विकास की रफ्तार, कानून का भरोसा : 2027 में फिर बनेगी योगी सरकार

  • तुष्टिकरण नहीं विकास है असली मुद्दा…सुरक्षा और सबका साथ ही बनेगा जीत का आधार : सरवर सिद्दीकी  सौहार्द

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वाराणसी (सुरेश गांधी)। उत्तर प्रदेश की सियासत जैसे-जैसे 2027 के विधानसभा चुनाव की ओर बढ़ रही है, राजनीतिक बयानबाज़ी भी तेज़ होती जा रही है। इसी क्रम में भाजपा अल्पसंख्यक मोर्चा के राष्ट्रीय कार्यकारिणी सदस्य सरवर सिद्दीकी ने बड़ा दावा करते हुए कहा है कि प्रदेश में एक बार फिर योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में सरकार बनना तय है। उन्होंने कहा कि यह जीत किसी एक वर्ग या मुद्दे की नहीं, बल्कि विकास, सामाजिक सौहार्द और अपराध मुक्त शासन की त्रिवेणी पर आधारित होगी। सिद्दीकी ने स्पष्ट शब्दों में कहा कि बीते वर्षों में उत्तर प्रदेश ने जिस तरह कानून-व्यवस्था के क्षेत्र में सुधार देखा है, वह अभूतपूर्व है। आज प्रदेश में अपराधियों के मन में भय है और आम नागरिक के भीतर विश्वास। यही भरोसा 2027 में जनादेश में बदलेगा.  उन्होंने कहा भाजपा सरकार ने विकास को जाति और धर्म से ऊपर उठाकर देखा है। सड़क, बिजली, पानी, स्वास्थ्य और शिक्षा के क्षेत्र में हुए कार्यों का लाभ हर वर्ग को मिला है। पहले योजनाएं कागजों में सिमट जाती थीं, अब ज़मीन पर उतरती हैं और लोगों के जीवन में बदलाव लाती हैं.


अल्पसंख्यकों के बीच बढ़ा विश्वास

सरवर सिद्दीकी ने दावा किया कि प्रदेश में अल्पसंख्यक समाज के बीच भी सरकार के प्रति विश्वास बढ़ा है। उन्होंने कहा कि अब राजनीति तुष्टिकरण के बजाय सशक्तिकरण की ओर बढ़ी है। सरकार की योजनाओं का लाभ बिना भेदभाव के हर जरूरतमंद तक पहुंचा है। यही कारण है कि अल्पसंख्यक वर्ग भी विकास की इस धारा से खुद को जुड़ा महसूस कर रहा है.


सौहार्द बना सबसे बड़ा आधार

उन्होंने प्रदेश में सामाजिक सौहार्द को सरकार की सबसे बड़ी उपलब्धियों में गिनाया। बीते वर्षों में उत्तर प्रदेश ने कई संवेदनशील मौकों को शांति और समन्वय के साथ पार किया है। त्योहारों के दौरान जिस तरह प्रशासन और समाज ने मिलकर काम किया, वह पूरे देश के लिए उदाहरण है.


विपक्ष पर साधा निशाना

सिद्दीकी ने विपक्षी दलों पर निशाना साधते हुए कहा कि उनके पास न तो कोई ठोस एजेंडा है और न ही विकास का विज़न। “विपक्ष आज भी जातीय समीकरणों और धार्मिक ध्रुवीकरण की राजनीति में उलझा है, जबकि जनता अब काम और परिणाम देखना चाहती है.


2027 का चुनाव—काम बनाम भ्रम

उन्होंने 2027 के चुनाव को “काम बनाम भ्रम” की लड़ाई करार दिया। उनके अनुसार, एक तरफ योगी सरकार का रिपोर्ट कार्ड है, तो दूसरी तरफ विपक्ष के वादों का इतिहास। “जनता अब समझ चुकी है कि स्थिरता, सुरक्षा और विकास किसके साथ है. सिद्दीकी ने विश्वास जताया कि 2027 में उत्तर प्रदेश की जनता एक बार फिर विकास और सुशासन के पक्ष में मतदान करेगी और योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में प्रदेश नई ऊंचाइयों को छुएगा। 

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