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बुधवार, 22 जुलाई 2026

दरभंगा : मुख्यमंत्री ने दरभंगा अभियंत्रण महाविद्यालय के तीन नवाचारों की सराहना

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पटना/दरभंगा (रजनीश के झा)। विज्ञान, प्रावैधिकी एवं तकनीकी शिक्षा विभाग द्वारा ज्ञान भवन, पटना में आयोजित राज्य स्तरीय नवाचार प्रदर्शनी में दरभंगा अभियंत्रण महाविद्यालय (DCE), दरभंगा द्वारा विकसित "All in One (AIO) Board", "Drone X" एवं "3D Printed Biomedical Models (Vertebral Column, Prosthetic Hand एवं Ankle Support)" परियोजनाओं ने सभी का ध्यान आकर्षित किया। मुख्यमंत्री श्री सम्राट चौधरी ने इन नवाचारों का विस्तृत अवलोकन किया तथा छात्र-छात्राओं एवं संकाय सदस्यों से इनकी कार्यप्रणाली, उपयोगिता एवं भविष्य की संभावनाओं पर विस्तार से चर्चा की। मुख्यमंत्री श्री सम्राट चौधरी ने तीनों परियोजनाओं की सराहना करते हुए कहा कि ये तकनीकी नवाचार, उद्योग, स्वास्थ्य सेवा एवं राष्ट्रीय आवश्यकताओं को ध्यान में रखकर विकसित किए गए उत्कृष्ट मॉडल हैं। उन्होंने सुझाव दिया कि इन परियोजनाओं को स्टार्टअप के रूप में विकसित किया जाए तथा इनके पेटेंट की प्रक्रिया शीघ्र प्रारम्भ की जाए, जिससे इनका लाभ व्यापक स्तर पर समाज एवं उद्योगों तक पहुँच सके। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार तकनीकी शिक्षा, अनुसंधान, नवाचार एवं उद्यमिता को निरंतर प्रोत्साहित करती रहेगी तथा विद्यार्थियों एवं उनके मार्गदर्शक शिक्षकों को इस उपलब्धि के लिए बधाई दी।


प्रमुख नवाचार

1. All in One (AIO) Board

यह एक Single PCB आधारित Robotics Controller Board है, जिसमें Arduino Nano, Motor Driver एवं Bluetooth Module एक ही बोर्ड पर एकीकृत हैं। यह AGV (Automated Guided Vehicle), रोबोटिक्स एवं ऑटोमेशन परियोजनाओं में जटिल वायरिंग की आवश्यकता को समाप्त करता है तथा तेज, सरल एवं कम लागत वाले रोबोटिक सिस्टम के विकास में सहायक है। इसका उपयोग उद्योगों, शैक्षणिक संस्थानों एवं ऑटोमेशन आधारित परियोजनाओं में किया जा सकता है।

2. Drone X

Drone X एक कॉम्पैक्ट, फोल्डेबल एवं हाई-स्पीड ड्रोन है, जिसे त्वरित तैनाती (Rapid Deployment) के उद्देश्य से विकसित किया गया है। इसका उपयोग सीमा सुरक्षा, रक्षा निगरानी, आपदा प्रबंधन, खोज एवं बचाव (Search & Rescue) तथा निगरानी कार्यों में प्रभावी रूप से किया जा सकता है।

3. 3D Printed Biomedical Models

यह परियोजना आधुनिक 3D प्रिंटिंग एवं रिवर्स इंजीनियरिंग तकनीक पर आधारित है, जिसके माध्यम से CT Scan एवं MRI Images को रोगी-विशिष्ट 3D Biomedical Models में परिवर्तित किया जाता है। साथ ही कम लागत में Prosthetic Hand एवं Ankle Support जैसे सहायक उपकरण विकसित किए जा सकते हैं। यह तकनीक चिकित्सा शिक्षा, सर्जिकल प्लानिंग, पुनर्वास एवं दिव्यांगजनों के लिए अत्यंत उपयोगी सिद्ध होगी।


कार्यक्रम के दौरान विज्ञान, प्रावैधिकी एवं तकनीकी शिक्षा विभाग के सचिव ने भी तीनों परियोजनाओं की सराहना करते हुए छात्र टीम को सम्मानित करने तथा नवाचारों को स्टार्टअप एवं पेटेंट के माध्यम से आगे बढ़ाने के लिए प्रोत्साहित किया। महाविद्यालय के प्राचार्य डॉ. चंदन कुमार ने कहा, "मुख्यमंत्री द्वारा हमारे विद्यार्थियों की तीनों परियोजनाओं की सराहना तथा उन्हें स्टार्टअप एवं पेटेंट के रूप में विकसित करने का सुझाव पूरे महाविद्यालय परिवार के लिए गर्व का विषय है। यह उपलब्धि हमारे विद्यार्थियों, संकाय सदस्यों एवं प्रयोगशाला कर्मियों के सामूहिक प्रयास का परिणाम है। महाविद्यालय भविष्य में भी उत्पाद-आधारित शिक्षण, अनुसंधान, नवाचार एवं उद्यमिता को बढ़ावा देता रहेगा तथा बौद्धिक संपदा संरक्षण की दिशा में आवश्यक कदम उठाएगा।" शारदा कुमारी, पुष्पलता, दीपाली कुमारी, मेहरुन निशा एवं सत्यम आनंद ने तीनों नवाचारों का प्रभावशाली प्रस्तुतीकरण किया।


महाविद्यालय परिवार ने सभी विद्यार्थियों, मार्गदर्शक शिक्षकों एवं प्रयोगशाला कर्मियों को इस उपलब्धि के लिए बधाई दी तथा All in One (AIO) Board, Drone X एवं 3D Printed Biomedical Models के पेटेंट, प्रोटोटाइप विकास एवं स्टार्टअप की प्रक्रिया शीघ्र प्रारम्भ करने पर बल दिया। ज्ञान भवन, पटना में आयोजित इस राज्य स्तरीय नवाचार प्रदर्शनी में मिली यह सराहना न केवल दरभंगा अभियंत्रण महाविद्यालय के लिए गौरव का विषय है, बल्कि यह संस्थान की नवाचार संस्कृति, गुणवत्तापूर्ण तकनीकी शिक्षा एवं अनुसंधान क्षमता का भी प्रमाण है। मुख्यमंत्री की प्रशंसा एवं स्टार्टअप के लिए मिले प्रोत्साहन ने महाविद्यालय के विद्यार्थियों एवं शिक्षकों का उत्साह कई गुना बढ़ा दिया है

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