- मुख्यमंत्री योगी ने कालभैरव और बाबा विश्वनाथ के चरणों में किया विधिवत् पूजन, चौकाघाट विद्युत सब स्टेशन का निरीक्षण कर समयबद्ध कार्य पूरा करने के दिए निर्देश
सर्किट हाउस में जनप्रतिनिधियों एवं वरिष्ठ अधिकारियों के साथ विकास परियोजनाओं तथा कानून-व्यवस्था की विस्तृत समीक्षा के बाद मुख्यमंत्री सीधे चौकाघाट स्थित निर्माणाधीन विद्युत सब स्टेशन पहुंचे। यहां उन्होंने परियोजना की प्रगति का बारीकी से अवलोकन किया और अधिकारियों से निर्माण कार्य की अद्यतन स्थिति की जानकारी ली। मुख्यमंत्री ने स्पष्ट निर्देश दिए कि विद्युत सब स्टेशन से जुड़े सभी निर्माण कार्य निर्धारित समयसीमा के भीतर गुणवत्ता के साथ पूरे किए जाएं। उन्होंने कहा कि वाराणसी जैसे तेजी से विकसित हो रहे शहर में निर्बाध और सुदृढ़ विद्युत आपूर्ति विकास की मूल आवश्यकता है। इसलिए परियोजना के क्रियान्वयन में किसी प्रकार की शिथिलता स्वीकार नहीं की जाएगी। उन्होंने अधिकारियों से कहा कि निर्माण कार्यों की नियमित निगरानी की जाए और यह सुनिश्चित किया जाए कि परियोजना समय पर पूर्ण होकर आमजन को उसका लाभ मिल सके। मुख्यमंत्री ने गुणवत्तापूर्ण कार्य और पारदर्शिता पर विशेष बल देते हुए कहा कि विकास योजनाओं का वास्तविक उद्देश्य तभी पूरा होगा, जब उनका लाभ समयबद्ध रूप से जनता तक पहुंचे। इससे पूर्व मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने काशी की सनातन परंपरा का निर्वहन करते हुए सबसे पहले काशी के कोतवाल श्री कालभैरव मंदिर पहुंचकर विधिवत् पूजा-अर्चना की। मान्यता है कि बाबा विश्वनाथ के दर्शन से पहले कालभैरव का आशीर्वाद प्राप्त करना काशी की प्राचीन धार्मिक परंपरा का अभिन्न अंग है। मुख्यमंत्री ने इस परंपरा का पालन करते हुए प्रदेशवासियों की सुख-समृद्धि, शांति और कल्याण की कामना की।
इसके बाद मुख्यमंत्री ने श्री काशी विश्वनाथ धाम पहुंचकर देवाधिदेव महादेव का रुद्राभिषेक एवं विधिवत् पूजन-अर्चन किया। श्रावण मास के आगमन से पूर्व मुख्यमंत्री का यह दर्शन-पूजन विशेष महत्व का माना जा रहा है। उन्होंने बाबा विश्वनाथ से प्रदेश में सुख, समृद्धि और लोकमंगल की प्रार्थना की तथा काशी की सांस्कृतिक और आध्यात्मिक गरिमा को अक्षुण्ण बनाए रखने का संकल्प दोहराया। मुख्यमंत्री के दौरे के दौरान प्रशासनिक और जनप्रतिनिधियों की व्यापक उपस्थिति रही। उनके साथ श्रम एवं सेवायोजन मंत्री अनिल राजभर, खादी एवं ग्रामोद्योग मंत्री राकेश सचान, स्टाम्प एवं पंजीयन (स्वतंत्र प्रभार) मंत्री रविन्द्र जायसवाल, एमएसएमई राज्य मंत्री हंसराज विश्वकर्मा, पूर्व मंत्री एवं विधायक डॉ. नीलकंठ तिवारी, महापौर अशोक तिवारी, विधान परिषद सदस्य राय धर्मेंद्र सिंह, विधायक डॉ. अवधेश सिंह, सौरभ श्रीवास्तव, त्रिभुवन राम, मंडलायुक्त एस. राजलिंगम, पुलिस आयुक्त मोहित अग्रवाल, जिलाधिकारी सत्येंद्र कुमार सहित विभिन्न विभागों के वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ का यह दौरा केवल धार्मिक अनुष्ठान या प्रशासनिक निरीक्षण तक सीमित नहीं रहा, बल्कि यह संदेश भी देता है कि काशी में आस्था और विकास अब समानांतर नहीं, बल्कि एक-दूसरे के पूरक हैं। बाबा विश्वनाथ और कालभैरव के चरणों में नमन के साथ विकास परियोजनाओं की प्रगति की समीक्षा यह दर्शाती है कि सरकार आध्यात्मिक विरासत के संरक्षण के साथ आधुनिक आधारभूत संरचना को भी समान महत्व दे रही है। यही संतुलन आज नई काशी की पहचान बनता जा रहा है।

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