- नवनिर्मित सखी वन स्टॉप सेंटर भवन का हुआ शुभारंभ, संकट में महिलाओं को मिलेगा एक ही छत के नीचे हर जरूरी सहयोग
जिला पदाधिकारी ने जिले की सभी महिलाओं को संदेश देते हुए कहा कि वे किसी भी प्रकार की समस्या अथवा संकट की स्थिति में बिना किसी संकोच के सखी वन स्टॉप सेंटर से संपर्क कर सहायता प्राप्त कर सकती हैं। उन्होंने विशेष रूप से घरेलू हिंसा, उत्पीड़न, मानव तस्करी अथवा अन्य किसी प्रकार की हिंसा से प्रभावित महिलाओं से उपलब्ध सरकारी सहायता सेवाओं का लाभ उठाने की अपील की। उन्होंने बताया कि सखी वन स्टॉप सेंटर के माध्यम से पीड़ित एवं संकटग्रस्त महिलाओं को चिकित्सीय सहायता, कानूनी सहायता, पुलिस सहायता, एफआईआर/डीआईआर दर्ज कराने में सहयोग, मनो-सामाजिक परामर्श तथा आवश्यकतानुसार अस्थायी आश्रय जैसी सुविधाएं एक ही स्थान पर उपलब्ध कराने की व्यवस्था है। नवनिर्मित भवन के शुभारंभ से जिले की महिलाओं को सहायता एवं आवश्यक सेवाएं प्राप्त करने में और अधिक सुविधा होगी। साथ ही, महिलाओं के बीच उनके अधिकारों, सुरक्षा तथा उनके लिए उपलब्ध विभिन्न सरकारी सेवाओं के प्रति जागरूकता बढ़ाने में भी यह केंद्र महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा।
सखी वन स्टॉप सेंटर महिलाओं की सुरक्षा, सहायता और सशक्तिकरण की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल है। कार्यक्रम में उपस्थित अधिकारियों एवं महिला एवं बाल विकास निगम की टीम ने केंद्र के माध्यम से जिले की अधिकाधिक महिलाओं तक सहायता एवं जागरूकता पहुंचाने का संकल्प लिया। इस अवसर पर जिला पदाधिकारी, पुलिस अधीक्षक, ग्रामीण, सहायक आरक्षी अधीक्षक, जिला जनसंपर्क पदाधिकारी, जिला प्रोग्राम पदाधिकारी (आईसीडीएस)- सह - नोडल पदाधिकारी, महिला विकास निगम, जिला मिशन समन्वयक, DHEW, मधुबनी, जिला समन्वयक, सक्षम आंगनवाड़ी एवं मिशन पोषण 2.0, लैंगिक विशेषज्ञ, DHEW, केंद्र प्रशासक, वन स्टॉप सेंटर, केंद्र प्रशासक, वन स्टॉप सेंटर, झंझारपुर, लेखा सहायक, महिला विकास निगम, परामर्शी, वन स्टॉप केंद्र, झंझारपुर एवं महिला एवं बाल विकास निगम की पूरी टीम उपस्थित रही। अंत में धन्यवाद ज्ञापन के साथ सभा संपन्न की गई। कार्यक्रम का संचालन अंजनी कुमार झा, जिला कार्यक्रम समन्वयक, DHEW, मधुबनी के द्वारा किया गया।

कोई टिप्पणी नहीं:
एक टिप्पणी भेजें