राज्य स्तरीय प्रतियोगिता में वैदिक ने पूरे आत्मविश्वास के साथ मुकाबलों में हिस्सा लिया और अपने प्रदर्शन से निर्णायकों एवं दर्शकों का ध्यान आकर्षित किया। प्रतियोगिता में स्वर्ण पदक हासिल करना उनके निरंतर अभ्यास, मेहनत और खेल के प्रति समर्पण का परिणाम माना जा रहा है। राष्ट्रीय प्रतियोगिता के लिए चयन होने के बाद अब वैदिक के सामने देश के विभिन्न राज्यों से आने वाले प्रतिभाशाली खिलाड़ियों के बीच अपनी खेल प्रतिभा का प्रदर्शन करने का अवसर होगा। वैदिक चौहान की इस उपलब्धि पर लुर्दमाता स्कूल के मैनेजर प्रभुदास तिर्की, प्रिंसिपल सिस्टर कृपा, स्पोर्ट्स टीचर मोहनिश त्रिवेदी एवं लोकेश परमार ने उन्हें बधाई दी। विद्यालय परिवार ने वैदिक की सफलता पर प्रसन्नता व्यक्त करते हुए उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की। विद्यालय प्रबंधन ने कहा कि वैदिक ने राज्य स्तरीय प्रतियोगिता में स्वर्ण पदक जीतकर विद्यालय का गौरव बढ़ाया है। खेल के क्षेत्र में विद्यार्थियों को आगे बढ़ाने के लिए नियमित अभ्यास और प्रतिभाओं को प्रोत्साहन देना जरूरी है। वैदिक की सफलता अन्य विद्यार्थियों के लिए भी प्रेरणादायक है और इससे स्कूल के दूसरे छात्र-छात्राओं को खेलों में आगे बढ़ने का प्रोत्साहन मिलेगा।
राज्य स्तर पर स्वर्ण पदक जीतने के बाद वैदिक चौहान अब राष्ट्रीय प्रतियोगिता की तैयारी में जुटेंगे। विद्यालय परिवार ने उन्हें राष्ट्रीय स्तर पर भी उत्कृष्ट प्रदर्शन करने के लिए शुभकामनाएं दी हैं। शिक्षकों और स्कूल प्रबंधन ने उम्मीद जताई कि वैदिक अपनी मेहनत और लगन को जारी रखते हुए राष्ट्रीय मंच पर भी बेहतर प्रदर्शन कर विद्यालय और सीहोर का नाम रोशन करेंगे। विद्यालय के शिक्षकों ने कहा कि पढ़ाई के साथ खेलों में विद्यार्थियों की भागीदारी उनके व्यक्तित्व विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती है। वैदिक की उपलब्धि इस बात का उदाहरण है कि उचित मार्गदर्शन, नियमित अभ्यास और मेहनत के माध्यम से विद्यार्थी खेलों के क्षेत्र में भी नई ऊंचाइयां हासिल कर सकते हैं।

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