मुंबई में आदर्श सोसायटी घोटाला मामले में सेना ने अपने कुछ अधिकारियों का नाम आने के बाद जांच के आदेश दे दिए हैं। महाराष्ट्र के जीओसी मेजर जनरल संजीव चोपड़ा को जांच का जिम्मा सौंपा गया है। जांच इसी हफ्ते शुरू हो सकती है। सेना के करीब 40 पूर्व और मौजूदा अफसरों पर इस जांच के बाद गाज गिर सकती है।सेना के लिए इस मामले में कार्रवाई करना आसान नहीं होगा। सेना के जो अधिकारी इस सोसायटी के मामले को देख रहे थे उनमें से कुछ रिटायर हो गए हैं। इनमें मुंबई एरिया के कमांडर टीके कौल, सोसायटी के मेंबर लेफ्टिनेंट जनरल तेजिंदर सिंह शामिल हैं। सेना के लिए रिटायर अफसरों के खिलाफ कार्रवाई करना आसान नहीं है।
उधर कांग्रेस आलाकमान मुख्यमंत्री अशोक चव्हाण के भाग्य का फैसला जल्द ही कर सकता है। इसी सिलसिले में सोमवार सुबह घोटाले की जांच कर रहे दो केंद्रीय मंत्रियों प्रणब मुखर्जी और ए.के.एंटनी की कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी के निवास पर बैठक हुई जिसमें कांग्रेस महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री चव्हाण की इस पूरे मामले में भूमिका पर चर्चा की गई। हालांकि श्री मुखर्जी ने कहा इस मीटिंग में मंगलवार को होने वाली कांग्रेस वर्किग कमेटी की बैठक को लेकर चर्चा की गई।
आदर्श सोसायटी की जमीन सेना की थी, करगिल के शहीदों के लिए यहां 6 मंजिला इमारत में फ्लैट बनाने की बात हुई। लेकिन फौजियों, नेताओं और अफसरों की मिलीभगत से ये इमारत 31 मंजिला बन गई और शहीदों के अधिकार उनके घरवालों की जगह उन्होंने खुद बांट लिए।
इन फ्लैटों की बाजार में कीमत 8.5 करोड़ है। चूंकि, ये जमीन शहीदों के घरवालों को मरहम के तौर पर दी गई थी, इसीलिए उनके लिए इसके दाम 65 से 85 लाख रुपए आए। खबरों के मुताबिक आदर्श सोसायटी के अधिकारियों और तत्कालीन राजस्व मंत्री अशोक चव्हाण के बीच 3 जनवरी 2000 को हुई मुलाकात में जमीन के बदले फ्लैट आवंटित करने की शर्त रखी गई थी।
इस सौदेबाजी के तहत चव्हाण ने राजस्व विभाग की ओर से सोसायटी को क्लीयरेंस दिलवाया और बदले में उनके पांच रिश्तेदारों को आदर्श हाउसिंग सोसायटी में फ्लैट मिले।
एक निजी चैलन के मुताबिक फ्लैट पाने वालों में मुख्यमंत्री की सास, साली, साले और एक अन्य रिश्तेदार का नाम शामिल है।
आदर्श सोसायटी घोटाले की जांच कर रही कांग्रेस की दो सदस्यीय समिति के सदस्यों- प्रणब मुखर्जी और एके एंटनी ने सोमवार को पार्टी अध्यक्ष सोनिया गांधी से मुलाकात की। मुखर्जी ने पत्रकारों से कहा कि चव्हाण मसले पर चर्चा मंगलवार को कांग्रेस कमेटी की बैठक में होगी। महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री अशोक चव्हाण के इस्तीफे पर फैसला लेने में फिलहाल वक्त लगेगा।
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