विश्वनाथन आनंद 5 वीं बार  बने विश्व चैम्पियन. - Live Aaryaavart (लाईव आर्यावर्त)

Breaking

प्रबिसि नगर कीजै सब काजा । हृदय राखि कौशलपुर राजा।। -- मंगल भवन अमंगल हारी। द्रवहु सुदसरथ अजिर बिहारी ।। -- सब नर करहिं परस्पर प्रीति । चलहिं स्वधर्म निरत श्रुतिनीति ।। -- तेहि अवसर सुनि शिव धनु भंगा । आयउ भृगुकुल कमल पतंगा।। -- राजिव नयन धरैधनु सायक । भगत विपत्ति भंजनु सुखदायक।। -- अनुचित बहुत कहेउं अग्याता । छमहु क्षमा मंदिर दोउ भ्राता।। -- हरि अनन्त हरि कथा अनन्ता। कहहि सुनहि बहुविधि सब संता। -- साधक नाम जपहिं लय लाएं। होहिं सिद्ध अनिमादिक पाएं।। -- अतिथि पूज्य प्रियतम पुरारि के । कामद धन दारिद्र दवारिके।।

गुरुवार, 31 मई 2012

विश्वनाथन आनंद 5 वीं बार  बने विश्व चैम्पियन.

भारतीय ग्रैंडमास्टर विश्वनाथन आनंद ने विश्व शतरंज चैम्पियनशिप के तनाव भरे रेपिड गेम टाईब्रेकर में इजराइल के बोरिस गेलफांड को हराकर लगातार चौथी बार विश्व खिताब जीता. आनंद ने मास्को की स्टेट त्रेत्याकोव गैलरी में चार बाजियों के टाईब्रेकर में दूसरी बाजी जीती जबकि बाकी तीन बाजियां उन्होंने ड्रा करायी. भाग्य ने भी अंतिम बाजी में अहम भूमिका निभाई जिससे भारत का दिग्गज खिलाड़ी जीत दर्ज करने में सफल रहा.

बारह क्लासिकल बाजियों के बाद मुकाबला 6-6 से बराबर रहा था जिसके बाद नतीजे के लिए रेपिड टाईब्रेकर का सहारा लिया गया जिसमें आनंद ने 2.5-1.5 से बाजी मार ली और कुल पांचवीं तथा 2007 के बाद लगातार चौथी बार विश्व चैम्पियन बने.

इस जीत का मतलब है कि भारत का यह दिग्गज शतरंज खिलाड़ी 2014 तक विश्व चैम्पियन रहेगा जब अगली विश्व चैम्पियनशिप का आयोजन किया जाएगा. 

कोई टिप्पणी नहीं: