स्पेक्ट्रम की नीलामी मार्च में होगी. - Live Aaryaavart (लाईव आर्यावर्त)

Breaking

प्रबिसि नगर कीजै सब काजा । हृदय राखि कौशलपुर राजा।। -- मंगल भवन अमंगल हारी। द्रवहु सुदसरथ अजिर बिहारी ।। -- सब नर करहिं परस्पर प्रीति । चलहिं स्वधर्म निरत श्रुतिनीति ।। -- तेहि अवसर सुनि शिव धनु भंगा । आयउ भृगुकुल कमल पतंगा।। -- राजिव नयन धरैधनु सायक । भगत विपत्ति भंजनु सुखदायक।। -- अनुचित बहुत कहेउं अग्याता । छमहु क्षमा मंदिर दोउ भ्राता।। -- हरि अनन्त हरि कथा अनन्ता। कहहि सुनहि बहुविधि सब संता। -- साधक नाम जपहिं लय लाएं। होहिं सिद्ध अनिमादिक पाएं।। -- अतिथि पूज्य प्रियतम पुरारि के । कामद धन दारिद्र दवारिके।।

सोमवार, 7 जनवरी 2013

स्पेक्ट्रम की नीलामी मार्च में होगी.


टेलिकॉम कंपनियों को अब 30-50 फीसदी कम कीमत में सीडीएमए सर्विस का स्पेक्ट्रम मिल जाएगा। सरकार में 800 मेगाहर्ट्ज सीडीएमए स्पेक्ट्रम प्राइस की कीमत में भारी कमी पर सहमति बन गई है। स्पेक्ट्रम की नीलामी मार्च में होगी और कीमतों पर आखिरी फैसला कैबिनेट का होगा।

स्पेक्ट्रम नीलामी के दूसरे दौर पर फैसले के लिए आज में ईजीओएम की बैठक हुई और इस बैठक में 1800 और 900 मेगाहर्ट्ज स्पेक्ट्रम के प्राइसिंग पर चर्चा हुई। दिल्ली, मुंबई और कोलकाता में 900 मेगाहर्ट्ज बैंड के लिए नीलामी होगी, जबकि 800 मेगाहर्ट्ज के लिए सभी सर्किल में नीलामी होगी।

टेलिकॉम मंत्री कपिल सिब्बल के मुताबिक बैठक में सीडीएमए स्पेक्ट्रम प्राइस 30-50 फीसदी घटाने की सहमति हुई है और सीडीएमए स्पेक्ट्रम प्राइस पर अंतिम फैसला कैबिनेट का होगा। माना जा रहा है कि 11 मार्च से 1800 मेगाहर्ट्ज और 900 मेगाहर्ट्ज बैंड की नीलामी शुरू होगी। वहीं बोली न मिलने वाले 4 सर्किल में 1800 मेगाहर्ट्ज स्पेक्ट्रम की नीलामी होगी। इन 4 सर्किल में 2जी स्पेक्ट्रम का प्राइस नवंबर से 30 फीसदी कम होगा। साथ ही टेलिकॉम कंपनियां एकमुश्त स्पेक्ट्रम फीस 10 दिन में चुकाएंगी। टेलिकॉम विभाग जल्द ही एकमुश्त स्पेक्ट्रम फीस का डिमांड नोटिस भेजेगा। एकमुश्त स्पेक्ट्रम फीस 10 साल में चुकाई जा सकती है। सरकार ने एकमुश्त स्पेक्ट्रम फीस पर कंपनियों को नोटिस भेजा था।

सूत्रों का कहना है कि एकमुश्त फीस के तहत टेलिकॉम कंपनियों को 24,989 करोड़ रुपये देना होगा। एकमुश्त फीस के तौर पर भारती एयरटेल को 5,100 करोड़ रुपये, वोडाफोन को 2,854 करोड़ रुपये और आइडिया सेल्यूलर को 2,171 करोड़ रुपये देना पड़ सकता है।

कोई टिप्पणी नहीं: