पति की हत्या करने वाली गिरफ्तार - Live Aaryaavart (लाईव आर्यावर्त)

Breaking

प्रबिसि नगर कीजै सब काजा । हृदय राखि कौशलपुर राजा।। -- मंगल भवन अमंगल हारी। द्रवहु सुदसरथ अजिर बिहारी ।। -- सब नर करहिं परस्पर प्रीति । चलहिं स्वधर्म निरत श्रुतिनीति ।। -- तेहि अवसर सुनि शिव धनु भंगा । आयउ भृगुकुल कमल पतंगा।। -- राजिव नयन धरैधनु सायक । भगत विपत्ति भंजनु सुखदायक।। -- अनुचित बहुत कहेउं अग्याता । छमहु क्षमा मंदिर दोउ भ्राता।। -- हरि अनन्त हरि कथा अनन्ता। कहहि सुनहि बहुविधि सब संता। -- साधक नाम जपहिं लय लाएं। होहिं सिद्ध अनिमादिक पाएं।। -- अतिथि पूज्य प्रियतम पुरारि के । कामद धन दारिद्र दवारिके।।

बुधवार, 16 जनवरी 2013

पति की हत्या करने वाली गिरफ्तार


पति को प्रेमी संग अवैध संबंधांे की बीच बाधा बन रहे ठिकाने लगाने वाली महिला जमानत पर आने के बाद कोर्ट में पेश नहीं हो रही थी। कोर्ट ने इसे अवमानना मानते हुए उसके खिलाफ वारंट जारी किए, लेकिन वारंट जारी होने के बावजूद महिला कोर्ट मंे पेश नहीं हुई और घर से नदारद हो गयी। महिला के खिलाफ गैर जमानती वारंट जारी होने के बाद रायपुर पुलिस ने बुधवार को उसे घर से गिरफ्तार कर लिया।

पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार रायपुर पुलिस ने इस बार एक महिला वारंटी को गिरफ्तार किया है। थाना प्रभारी राजीव रौथाण ने बताया कि वर्ष 2002 मंें सतीश गुसांई नाम के व्यक्ति की हत्या कर दी गयी थी। पूरा मामला अवैध संबंधों से जुड कर सामने आया था। शांति विहार निवासी सतीश गुसांई की पत्नी वैजयंती के एक फौजी से संबंध थे जिसमें कि वैजयंती का पति बाधा बना हुआ था। दोनों ने पूरा षड़यंत्र रच कर सतीश को चाकुओं से गोद कर मौत के घाट उतार दिया था। तत्कालीन थाना प्रभारी रघुवीर सिंह असवाल ने फौजी सहित वैजयंती को जेल भेजा था। 

इस मामले में एडीजे कोर्ट ने दोनों को उम्र कैद की सजा सुनाई थी। इधर दूसरी कोर्ट ने वैजयंती को जमानत पर रिहा किया। बाद में वैजयंती को मामले की सुनवाई के दौरान कोर्ट में पेश होने के लिए लिए आदेशित किया गया लेकिन किसी भी डेट पर वैजयंती कोर्ट में पेश नहंी हुई। बाद में कोर्ट ने वैजयंती के खिलाफ गैर जमानती वारंट जारी किए लेकिन जब भी पुलिसकर्मी उसके शांति विहार स्थित निवास पर जाते तो वह घर से नदारद ही मिलती। इसी संबंध में पुलिस को मुखबिर से सूचना मिली कि वैजयंती को उसके घर में देखा गया है। सूचना पर पुलिस ने घर पर दबिश दी और उसे धर दबोचा। कोर्ट में पेश करने के बाद बुधवार को उसे जेल भेज दिया गया है।


 (राजेन्द्र जोशी)

कोई टिप्पणी नहीं: