SC ने केंद्र से खाप पंचायतों पर रुख स्पष्ट करने को कहा. - Live Aaryaavart (लाईव आर्यावर्त)

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बुधवार, 10 जुलाई 2013

SC ने केंद्र से खाप पंचायतों पर रुख स्पष्ट करने को कहा.

उच्चतम न्यायालय ने मंगलवार को केंद्र से उस याचिका पर अपना रुख स्पष्ट करने को कहा जिसमें खाप पंचायतों के फरमानों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की गई है। परिवार या सामाजिक प्रतिष्ठा के नाम पर अंतरजातीय या समान गोत्र के भीतर शादी करने वाले जोड़ों को खाप पंचायतों के फरमान पर प्रताड़ित किया जाता है। 

न्यायमूर्ति सीके प्रसाद और न्यायमूर्ति रंजना प्रकाश देसाई की पीठ ने कहा कि आप हलफनामा दायर करके इस मुददे पर अपना रुख स्पष्ट करें। आप बताएं कि विधि आयोग की रिपोर्ट पर आप क्या कार्रवाई करने का प्रस्ताव देते हैं। न्यायालय एनजीओ शक्ति वाहिनी की ओर से दायर जनहित याचिका पर सुनवाई कर रही थी। याचिका में जोड़ों को कथित तौर पर प्रताड़ित करने और उनकी हत्या करने के लिए खाप पंचायतों के खिलाफ कार्रवाई करने की मांग की गई है। न्यायालय ने हलफनामा दायर करने के लिए केंद्र को छह सप्ताह का समय दिया।

सुनवाई के दौरान केंद्र की तरफ से अतिरिक्त सॉलीसीटर जनरल इंदिरा जयसिंह ने कहा कि ऐसे सभी विवाह, जिनपर हिंदू विवाह अधिनियम के तहत रोक नहीं है, वे वैध हैं। हिंदू विवाह कानून में प्रतिबंधित संबंधों का प्रावधान है जिसके तहत दो लोग शादी नहीं कर सकते। इसके अतिरिक्त अंतरजातीय और समान गोत्र में शादियां वैध हैं और उनका विरोध नहीं किया जा सकता। विधि आयोग ने अपनी एक रिपोर्ट में प्रोहिबिशन ऑफ अनलॉफुल असेंबली (इंटरफरेंस विथ द फ्रीडम ऑफ मैट्रिमोनियल एलायंसेज) बिल, 2011 कानून बनाने का सुझाव दिया है।

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