सीरिया में रासायनिक हथियार के इस्तेमाल से बान की मून हैरान. - Live Aaryaavart (लाईव आर्यावर्त)

Breaking

प्रबिसि नगर कीजै सब काजा । हृदय राखि कौशलपुर राजा।। -- मंगल भवन अमंगल हारी। द्रवहु सुदसरथ अजिर बिहारी ।। -- सब नर करहिं परस्पर प्रीति । चलहिं स्वधर्म निरत श्रुतिनीति ।। -- तेहि अवसर सुनि शिव धनु भंगा । आयउ भृगुकुल कमल पतंगा।। -- राजिव नयन धरैधनु सायक । भगत विपत्ति भंजनु सुखदायक।। -- अनुचित बहुत कहेउं अग्याता । छमहु क्षमा मंदिर दोउ भ्राता।। -- हरि अनन्त हरि कथा अनन्ता। कहहि सुनहि बहुविधि सब संता। -- साधक नाम जपहिं लय लाएं। होहिं सिद्ध अनिमादिक पाएं।। -- अतिथि पूज्य प्रियतम पुरारि के । कामद धन दारिद्र दवारिके।।


गुरुवार, 22 अगस्त 2013

सीरिया में रासायनिक हथियार के इस्तेमाल से बान की मून हैरान.

संयुक्त राष्ट्र महासचिव बान की मून ने दमिश्क के बाहरी इलाके में कथित रूप से किए गए रासायनिक हथियारों के इस्तेमाल की खबर पर हैरानी जाहिर की है। समाचार एजेंसी सिन्हुआ के मुताबिक, संयुक्त राष्ट्र के उप प्रवक्ता ने संवाददाताओं से कहा कि उन्होंने सीरिया की राजधानी दमिश्क के बाहरी इलाके में रासायनिक हथियारों के इस्तेमाल की खबर पर हैरानी प्रकट करते हुए दोहराया कि किसी भी परिस्थिति में किसी भी तरफ से रासायनिक हथियारों का इस्तेमाल अंतर्राष्ट्रीय मानवतावादी कानून का उल्लंघन होगा।

उप प्रवक्ता एडुआडरे डेल बुये ने यहां नियमित समाचार वार्ता के दौरान कहा कि मून इस बात से अवगत हैं कि कुछ देश जैसे, अरब लीग और यूरोपीय संघ ने सीरिया में रासायनिक हथियार के संभावित इस्तेमाल की हाल की खबर पर गहरी चिंता प्रकट की है।

संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद ने सीरिया में सरकार द्वारा विद्रोहियों के विरुद्ध कथित रूप से रासायनिक हथियारों के प्रयोग पर चिंता जाहिर करते हुये कहा है कि यह स्पष्ट होना चाहिये कि वहां क्या हुआ था। परिषद की गुरुवार को हुई आपात बैठक के बाद इस महीने परिषद की अध्यक्ष और संयुक्त राष्ट्र में अर्जेंटीना की दूत मारिया क्रिस्टीना पर्सेवल ने कहा कि आरोपों को लेकर परिषद के सदस्य काफी चिंतित हैं और आम राय यह है कि यह स्पष्ट होना चाहिये कि क्या हुआ था और स्थिति पर नजदीकी नजर रखी जानी चाहिये।

हालांकि सुरक्षा परिषद ने सीधे-सीधे जांच की मांग नहीं की है, लेकिन पर्सेवल ने कहा कि सुरक्षा परिषद के सदस्यों ने (संयुकत राष्ट्र) महासचिव के उस बयान का स्वागत किया जिसमें उन्होंने पूर्ण, निष्पक्ष और त्वरित जांच की मांग की है। दो साल से गृहयुद्ध का सामना कर रहे सीरिया में विपक्षी दलों ने राष्ट्रपति बसर अल असद की सेना पर सैकड़ों लोगों के खिलाफ जहरीली गैसों के प्रयोग का आरोप लगाया है, जबकि सरकार इस आरोप का खंडन कर रही है।

कोई टिप्पणी नहीं: