मध्यप्रदेश मानवाधिकार दिवस १३ सितम्बर को शहर के तक्षशिला महाविद्यालय में एक कार्यशाला का आयोजन किया गया | मध्यप्रदेश मानवाधिकार आयोग की जिला संयोजक आयोग मित्र मालती श्रीवास्तव के निर्देशन में आयोजित इस कार्यशाला में मानव अधिकारों के हनन और उनको रोकने के उपायों पर विचार विमर्श हुआ |
कार्यक्रम के मुख्य अतिथि के तौर पर बोलते हुए आकाशवाणी के कार्यक्रम प्रमुख सुरेन्द्र तिवारी ने कहा की आज जो देश मानवाधिकारों की बड़े पैमाने पर चर्चा करते है वे ही इसका सबसे ज्यादा हनन कर रहे हैं | अपने अधिकारों के लिए लड़ना और उनकी रक्षा करना हम सभी का कर्तव्य है| कार्यक्रम के विशिष्ट अतिथि और पूर्व नगर पालिका अध्यक्ष सरदार प्यारा सिंह ने कहा की हम अधिकारों की बात ज़रूर करते हैं लेकिन जितना हमें अपने अधिकारों के प्रति जागरूक रहना चाहिए उतना ही कर्तव्यों का भी ख़याल करना चाहिए | पूर्व प्राचार्य ओ.पी. शर्मा ने मानव अधिकारों के हनन की चिता करते हुए कॉलेज की नयी पीढी को इस दिशा में सोचने और आगे आने की बात कही| वरिष्ठ समाज सेवी गायत्री देवी परमार ने अपने संक्षिप्त उद्बोधन के माध्यम से दिल्ली गैंग रेप के आरोपियों को फासी की सजा सुनाये जाने पर हर्ष व्यक्त करते हुए इसे न्याय की जीत बताया| महाराजा कॉलेज के पूर्व प्राध्यापक डॉ.पॉल ने भी अपने विचार रखे |
कार्यक्रम का शुभारम्भ माँ सरस्वती के चित्र पर माल्यार्पण और दीप प्रज्ज्वलन के साथ हुआ | सरस्वती वंदना छात्रा रुक्मण अहिरवार ने प्रस्तुत की आयोग मित्र मालती श्रीवास्तव ने इस अवसर पर मध्यप्रदेश मानवाधिकार आयोग द्वारा चलाये जा रहे अभियानों और कार्यों की जानकारी दी| कार्यशाला में महाविद्यालय के छात्रों वर्षा शुक्ला ,नीलम कुशवाहा, संयोगिता सिंह ,संदीप रैकवार , और दिव्यांश त्रिपाठी ने मानवाधिकारों के प्रति अपना नजरिया प्रस्तुत किया | मानवाधिकार आयोग की तरफ से उनको प्रशस्ति पात्र व् महाविद्यालय की और से उन्हें स्मृति चिह्न प्रदान किया गया| कार्यक्रम मेंआकाशवाणी के कार्यक्रम अधिकारी दिनेश रजक गांधी आश्रम से संजय सिंह, एक्शन एड कार्यकर्ता मीरा सिंह, डॉ.विमल बुंदेला ,प्रवीण गुप्त ,नरेश जैन सहित महाविद्यालय का स्टाफ मौजूद रहा | कार्यशाळा के अंत में अध्यक्षीय उद्बोधन में महाविद्यालय प्राचार्य डॉ.राजेन्द्र दीक्षित ने मानवाधिकारों के हनन को रोकने में युवाओं और छात्रों की भूमिका पर बल दिया| कार्यक्रम का संचालन शिवेंद्र शुक्ला ने किया|
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