बिहार के पूर्व मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने मुख्यमंत्री का पद छोड़ने के बाद बुधवार को लोकसभा चुनाव में जीत के लिए पहली बार नरेन्द्र मोदी को बधाई दी तथा मोदी के प्रधानमंत्री मनोनीत होने की शुभकामना दी। नीतीश कुमार ने बधाई और शुभमकामना के लिए सोशल मीडिया को चुना है। नीतीश ने फेसबुक पर लिखा है "चुनाव परिणाम आने के दिन ही हमने नए जनादेश के प्रति सम्मान प्रकट किया था। पुन: नरेन्द्र मोदी को उनकी जीत के लिए और प्रधानमंत्री मनोनीत होने पर मेरी शुभकामनाएं और बधाई।"
उन्होंने अपने वॉल पर नई भूमिका में आने का जिक्र करते हुए लिखा है, "हमारा, हमारी सरकार का और दल का एक ही सपना रहा है खुशहाल और समृद्घ बिहार बनाना। यही हमारी प्रेरणा का केन्द्र भी है। सबसे पहले कानून और व्यवस्था ठीक करने की चुनौती हमारी सरकार के सामने थी। हमने वही किया। विकास के वे कदम उठाए, जिनसे सामाजिक सौहार्द बना। इससे बिहार में शांति और भाईचारे का माहौल बना।"
वर्ष 2005 से लगातार पूरी ईमानदारी और श्रम से काम करने का दावा करते हुए उन्होंने कहा कि अपनी सरकार के काम के आधार पर लोकसभा चुनाव में मजदूरी मांगी परंतु चुनाव नतीजे में मजदूरी नहीं मिली। इस कारण ऐसा लगा कि आपका विश्वास अर्जित करने की जरूरत है। इसलिए नैतिकता के आधार पर मुख्यमंत्री पद छोड़ दिया।
उन्होंने कहा है, "हमें जीतन राम मांझी की कार्यक्षमता पर पूरा भरोसा है। वे मंत्रिपरिषद के सहयोगियों के साथ मिलकर सामूहिक विवेक और पूरी जिम्मेदारी से बिहार के लिए काम करेंगे। हमें विश्वास है कि उन्हें पूरे बिहार का सहयोग मिलेगा।" नीतीश ने कहा है कि मुख्यमंत्री पद छोड़ा है, देश या बिहार के प्रति जिम्मेदारी नहीं छोड़ी है।
उल्लेखनीय है कि नीतीश काफी दिनों से नरेन्द्र मोदी का नाम तक नहीं लेते थे। चुनाव प्रचार के दौरान भी उन्होंने मोदी का बिना नाम लिए ही उन पर निशाना साधा। गुजरात में पिछली बार हुए विधानसभा चुनाव में जीत और मुख्यमंत्री बनने पर भी नीतीश ने मोदी को बधाई और शुभकाकामना नहीं दी थी।

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