भ्रष्टाचार खतरनाक बीमारी, बुनियादी ढांचा सबसे ऊपर : नरेंद्र मोदी - Live Aaryaavart (लाईव आर्यावर्त)

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मंगलवार, 19 अगस्त 2014

भ्रष्टाचार खतरनाक बीमारी, बुनियादी ढांचा सबसे ऊपर : नरेंद्र मोदी


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प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने मंगलवार को कहा कि उनकी सरकार भ्रष्टाचार के खिलाफ शीघ्र ही कठोर कदम उठाएगी। भ्रष्टाचार ने देश में हर क्षेत्र में पैठ बना ली है। उन्होंने कहा कि विकास में बुनियादी ढांचे का महत्व सबसे अहम है। मोदी हरियाणा के इस कस्बे में हरियाणा और राजस्थान को आपस में जोड़ने वाले राष्ट्रीय राजमार्ग की आधारशिला रखने के बाद आयोजित सभा को संबोधित कर रहे थे। मोदी ने कहा, "भ्रष्टाचार देश में एक खतरनाक बीमारी बन चुकी है। यह कैंसर से भी खतरनाक है और देश को तबाह कर सकता है। देश इस तरह की बुराई को ज्यादा समय तक नहीं झेल सकता।"


उपस्थित जनसमूह से मोदी ने पूछा, "आप देश को भ्रष्टाचार मुक्त देखना चाहते हैं या नहीं? क्या भ्रष्टाचार को खत्म करने के लिए कठोर कदम उठाया जाना चाहिए या नहीं? हम लोगों के सहयोग से ऐसा कदम उठाएंगे।" स्वतंत्रता दिवस के मौके पर लाल किले से दिए गए अपने भाषण में भ्रष्टाचार का उल्लेख नहीं करने पर आलोचना करने वालों का उल्लेख करते हुए मोदी ने कहा, "कुछ लोग कहते हैं कि मैंने अपने संबोधन में भ्रष्टाचार के बारे में कुछ नहीं कहा। मैं उन्हें याद दिलाना चाहता हूं कि मैंने इस देश को तबाह करने वाले भ्रष्टाचार की संस्कृति 'मेरा क्या' और 'मुझे क्या' पर बात की थी। अब इसे बदलना जरूरी है।"



भ्रष्टाचार में लिप्त रहने वालों को चेतावनी देते हुए प्रधानमंत्री ने कहा कि रिश्वत देकर खराब गुणवत्ता का काम करने की प्रवृत्ति बर्दाश्त नहीं की जाएगी। मोदी ने कहा, "ठेकेदारों की संस्कृति कुछ और का इस्तेमाल करना और सड़क की सतह को काला कर देना और उसी सड़क का पहली बरसात में बह जाना रहा है। अब ऐसा नहीं चलेगा..रिश्वत देकर निकल जाने पर नियंत्रण किया जाएगा।" उन्होंने कहा कि देश के लोग और जागरूक हो गए हैं और बेहतर बुनियादी ढांचा चाहते हैं।



उन्होंने कहा कि देश को आगे ले जाने और रोजगार सृजित करने का एक मात्र उपाय विकास है। उन्होंने कहा, "विकास से ढेर सारी समस्याओं का समाधान हो सकता है।" देश के विकास में बुनियादी ढांचे के महत्व को उजागर करते हुए प्रधानमंत्री ने कहा कि हरियाणा ने इसका अच्छा उदाहरण प्रस्तुत किया है। उन्होंने कहा कि विकास के लिए सड़कों का नेटवर्क ठीक उसी तरह आवश्यक है जिस तरह शरीर के प्रत्येक अंग तक रक्त को पहुंचाने के लिए नसों का नेटवर्क। 



प्रधानमंत्री ने आधुनिक बुनियादी ढांचे के विकास के लिए सरकार का विजन रखा जिसमें विश्व स्तर की सड़कों का निर्माण, ऑप्टिकल फाइबर नेटवर्क, बिजली, गैस और पानी के ग्रिड शामिल हैं।  प्रधानमंत्री ने कहा कि युवकों के लिए रोजगार के अवसर जरूरी हैं और रोजगार सृजित करने के लिए विकास आवश्यक है। उन्होंने कहा कि समारोह में इतनी बड़ी संख्या में लोगों की उपस्थिति इस बात का प्रमाण है कि लोग विकास चाहते हैं। वे विकास के मार्ग पर पूरी दुनिया के साथ शामिल होना चाहते हैं। 



भारत के अन्न भंडारों को भरने के लिए हरियाणा के किसानों का अभिवादन करते हुए प्रधानमंत्री ने उनसे कृषि के आधुनिक तरीके और प्रौद्योगिकी अपनाने का आह्वान किया ताकि अन्न का भंडार भी भरे, और किसान की जेब भी भरे। पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी द्वारा शुरू की गई प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना का जिक्र करते हुए उन्होंने कहा कि उनकी सरकार प्रधानमंत्री कृषि सिंचाई योजना के जरिए किसानों के लिए सिंचाई की सुविधा सुनिश्चित करेगी। 



इस अवसर पर हरियाणा के राज्यपाल प्रो. कप्तान सिंह सोलंकी, हरियाणा के मुख्यमंत्री भूपेन्दर सिंह हुड्डा, केन्द्रीय सड़क परिवहन और राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी, सड़क परिवहन और राजमार्ग राज्य मंत्री कृष्णपाल और रक्षा राज्य मंत्री राव इंद्रजीत सिंह भी मौजूद थे।

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