बिहार : ‘ए’ श्रेणी की नर्स की नियुक्ति करने का मैदान साफ - Live Aaryaavart (लाईव आर्यावर्त)

Breaking

प्रबिसि नगर कीजै सब काजा । हृदय राखि कौशलपुर राजा।। -- मंगल भवन अमंगल हारी। द्रवहु सुदसरथ अजिर बिहारी ।। -- सब नर करहिं परस्पर प्रीति । चलहिं स्वधर्म निरत श्रुतिनीति ।। -- तेहि अवसर सुनि शिव धनु भंगा । आयउ भृगुकुल कमल पतंगा।। -- राजिव नयन धरैधनु सायक । भगत विपत्ति भंजनु सुखदायक।। -- अनुचित बहुत कहेउं अग्याता । छमहु क्षमा मंदिर दोउ भ्राता।। -- हरि अनन्त हरि कथा अनन्ता। कहहि सुनहि बहुविधि सब संता। -- साधक नाम जपहिं लय लाएं। होहिं सिद्ध अनिमादिक पाएं।। -- अतिथि पूज्य प्रियतम पुरारि के । कामद धन दारिद्र दवारिके।।

रविवार, 21 सितंबर 2014

बिहार : ‘ए’ श्रेणी की नर्स की नियुक्ति करने का मैदान साफ

bihar map
  • 23 सितंबर से दो चरणों में होगा साक्षात्कार, संविदा में बहाल ए.एन.एम.का नवम्बर माह में साक्षात्कार
पटना। आठ साल से समान वेतनमान पाने का ख्याब पालने वाली प्रशिक्षित जेनरल नर्सिंग मिडवाइफ (जीएनएम) नर्स की नियुक्ति करने का मैदान साफ हो गया है। स्वास्थ्य विभाग, बिहार, पटना के अंतर्गत बिहार परिचारिका श्रेणी-‘ए’ (विज्ञापन संख्या- 04040114) है। इसके तहत ही परिचारिकाओं की नियुक्ति के लिए अभ्यर्थियों का साक्षात्कार 23 सितंबर से लेगा। पूजा को ध्यान में रखकर दो चरणों में साक्षात्कार होगा। प्रथम चरण 23 से 29 सितंबर और द्वितीय चरण आठ से 10 अक्टूबर तक साक्षात्कार होगा। संविदा पर बहाल 6758 जीएनएम नर्सों को साक्षात्कार लेकर स्थायी पत्र निर्गत कर देना है।

  बिहार ‘ए’ ग्रेड नर्सेंस एसोसिएशन एवं बिहार ‘ए’ अनुबंध परिचारिका संद्य की महामंत्री विथीका विश्वास और महासचिव प्रमिला कुमारी ने कहा कि हमलोग बिहार परिचारिका निबंधन परिषद के द्वारा आयोजित परीक्षा में उत्र्तीण होने वाली नर्सेंस हैं। बिहार सरकार के द्वारा जीएनएम को संविदा पर वर्ष 2000 में अगस्त माह में पी.एम.सी.एच. में बहाल किया गया। 

 इस बीच अनेक बार सरकार ने संविदा पर कार्यशील नर्सेंस को नियमित करने का लगातार आश्वासन दिया जाता था। इसके बावजूद भी सरकार के द्वारा स्थायी नियुक्ति की प्रक्रिया पूर्ण नहीं की गयी। चारों तरफ से असफल हो जाने के बाद बेहाल नर्सों को हड़ताल करने की राह दिखी। अपना हक की लड़ाई के लिए मैदान में उतर जाए। मैदान-ए-जंग में उतरने के पहले सरकार को 24 घंटे का अल्टीमेटम दिया गया। 

 अन्ततः मानव सेवा करने वाली नर्सेंस ने दिल को कठोर करके 12 सितम्बर 2014 से बेमियादी हड़ताल करने में जुट गयी। बिहार ‘ए’ ग्रेड नर्सेंस एसोसिएशन एवं बिहार ‘ए’ अनुबंध परिचारिका संद्य के संयुक्त तत्वावधान में पी. एम. सी. एच. एवं इन्दिरा गाँधी हृदय रोग संस्थान की नर्सेंस तीन दिन ही हड़ताल पर रहीं। पीएमसीएच के प्राचार्य डाॅ. एसएन सिन्हा के नेतृत्व में नर्सों का प्रतिनिधि मंडल स्वास्थ्य मंत्री रामधनी सिंह से मुलाकात की। स्वास्थ्य मंत्री रामधनी सिंह और प्रधान सचिव दीपक कुमार ने आश्वासन दिए कि सभी संविदा पर कार्यरत नर्सों को स्थायी नियुक्ति पत्र दिया जाएगा। इससे कोई वंचित नहीं होगी। बिहार कर्मचारी चयन आयोग के द्वारा इंटरव्यू होगा। इंटरव्यू का मतलब है कि उनके कागजातों का सत्यापन करना है। तीन दिन तक हड़ताल पर रहीं नर्सों को कार्य से डिस कंटीन्यू नहीं माना जाएगा और उनका वेतन भी नहीं काटा जाएगा। माना जाएगा कि दो या तीन दिन तक वे छुट्टी पर रहीं।  

 प्रशिक्षित जेनरल नर्सिंग मिडवाइफ (जीएनएम) नर्स की नियुक्ति करने का मैदान साफ हो गया है। स्वास्थ्य विभाग, बिहार, पटना के अंतर्गत बिहार परिचारिका श्रेणी-‘ए’ (विज्ञापन संख्या- 04040114) है। इसके तहत ही परिचारिकाओं की नियुक्ति के लिए अभ्यर्थियों का साक्षात्कार 23 सितंबर से लेगा। पूजा को ध्यान में रखकर दो चरणों में साक्षात्कार होगा। प्रथम चरण 23 से 29 सितंबर और द्वितीय चरण आठ से 10 अक्टूबर तक साक्षात्कार होगा। संविदा पर बहाल 6758 जीएनएम नर्सों को साक्षात्कार लेकर स्थायी पत्र निर्गत कर देना है। इन लोगों के बाद नवम्बर माह में संविदा में बहाल ए.एम.एम. का भी साक्षात्कार होगा। ए.एन.एम.दीदी लोग भी खुश हैं। 



आलोक कुमार
बिहार 

कोई टिप्पणी नहीं: