बिहार के मुख्यमंत्री जीतन राम मांझी ने अनुसूचित जाति के लोगों से एकजुट होने की अपील करते हुए आज कहा कि यदि अनुसूचित समाज जागरूक हो जाये तो निश्चित रूप से राज्य का अगला मुख्यमंत्री भी अनुसूचित जाति का होगा. श्री मांझी ने आज यहां श्रीकृष्ण स्मारक हॉल में आयोजित मुसहर चेतना सम्मेलन को संबोधित करते हुए कहा कि राज्य में अनुसूचित जाति की संख्या करीब डेढ़ करोड़ है .यानि सवा करोड़ वोटर 1 उन्होंने कहा कि सामंती विचार धारा के लोग हमलोगों की आबादी को कम करके बताते है । सरकारी रिपोर्ट भी गलत बनायी जाती है यह सब राजनीतिक लाभ के लिये किया जाता है । उन्होंने जोर देकर कहा कि ..यदि अपने हक के लिये अनुसूचित जाति जागरूक हो जाये तो राज्य का अगला मुख्यमंत्री अनुसूचित जाति का होगा.
मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य में दलितों को बांट कर महादलित बनाया गया है लेकिन वे चाहते है कि दलित समाज फिर से एक हो जाये 1उन्होंने कहा कि इसके लिये शीघ्र ही महादलित आयोग से रिपोर्ट तैयार करने को कहा जायेगा 1उन्होंने मुसहर जाति में एकता की वकालत करते हुए कहा कि राज्य में मुसहरों की संख्या करीब 54 लाख है ।हालांकि सरकारी रिपोर्ट इसे महज 29 लाख बताती है । उन्होंने कहा कि यदि सभी मुसहर अपनी वोट की ताकत को समझ जाये तो वे राज्य की राजनीति को अकेले ही नियंत्रित कर सकते है ।

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