बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने शनिवार को प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी पर पलटवार करते हुए कहा कि डीएनए की बात कर प्रधानमंत्री ने बिहार का अपमान किया है। पटना में नीतीश ने एक संवाददाता सम्मेलन को संबोधित करते हुए कहा कि प्रधानमंत्री ने मुजफ्फरपुर की रैली में उनके बयानों को तोड़मरोड़ कर पेश किया है। उन्होंने कहा, "मैंने तीन वर्ष पूर्व कहा था कि राज्य में बिजली की स्थिति नहीं सुधरेगी तो 2015 में वोट नहीं मांगने आऊंगा। बता दें, क्या बिजली की स्थिति में सुधार नहीं हुआ है।"
उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री कहते हैं कि हमने जॉर्ज फर्नाडीस के साथ बुरा बर्ताव किया है। वे बताएं कि अटल बिहारी वाजपेयी, लालकृष्ण आडवाणी, मुरली मनोहर जोशी, यशवंत सिन्हा जैसे नेताओं ने क्या किया है? नीतीश ने आरोप लगाया कि आडवाणी के कारण ही मोदी की पहचान हुई थी और आज वे आडवाणी को ही किनारा कर चुके हैं। उल्लेखनीय है कि प्रधानमंत्री ने शनिवार को मुजफ्फरपुर में आयोजित 'परिवर्तन रैली' में कहा कि नीतीश कुमार के राजनीतिक डीएनए में ही कुछ गड़बड़ है, इसलिए उन्होंने उन दोस्तों को दगा दे दिया जो उनके साथ काम कर रहे थे।
उन्होंने कहा, "एक समय नीतीश ने न्योता देकर भोज रद्द कर दिया, इसके बाद 17 वर्षो का भाजपा-जद (यू) गठबंधन तोड़ दिया। उस समय मुझे दुख हुआ था लेकिन जब उन्होंने जीतन राम मांझी जैसे महादलित के साथ भी ऐसा किया, तब मैंने सोचा कि उनके राजनीतिक डीएनए में ही कुछ गड़बड़ है।"

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