बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य के हित को केन्द्र सरकार के समक्ष रखना मेरा दायित्व है और इसके लिए याचक बनना पड़े तो मैं याचक बनने को तैयार हूँ श्री कुमार ने बापू उच्च विद्यालय चण्डी में आयोजित जनसभा को संबोधित करते हुए कहा कि आरा में प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी को मैंने स्वागत किया, शिष्टाचार का पालन किया लेकिन लोगों ने शिष्टाचार छोड़ दिया है। राज्य सरकार का प्रतिनिधित्व कर रहे पथ निर्माण मंत्री को शिष्टाचार के नाते संबोधन का अवसर नहीं दिया गया। उन्होंने कहा कि हम स्वतंत्रता सेनानी के पुत्र हैं, फिर भी मेरे संस्कार, सिद्धांत को अहंकार कहा गया। उन्होंने कहा कि हमने बिहार की सेवा करने की कसम खायी है। लोगों के सहयोग से इस राह में आने वाली सभी कठिनाइयों का सामना एवं मुकाबला करूगा। उन्होने कहा कि राज्य के हित को केन्द्र सरकार के समक्ष रखना मेरा दायित्व है। इसके लिए याचक बनना पड़े तो मैं याचक बनने को तैयार हू। वे चुनाव के समय आते हैं लेकिन हम तो हर समय यहां लोगों के बीच रहते हैं। हम इसी मिट्टी में पैदा हुये हैं, हम कहीं नहीं जाने वाले। मुझे तो आपके बीच ही रहना है। बाहर के लोग तो आयेगें-जायेंगे, हमें बिहार की जनता जैसे जहा रखेगी, वहा रहेंगे और लोगों की खिदमत करते रहेंगे।
मुख्यमंत्री ने जीत नारायण जुगल किशोर, रामसखी देवी पालिटेक्निक संस्थान, परिहारा, शिवहर, बदीउज्जमा खान इन्स्टीच्यूट आफ पालिटेक्निक पुपरी, सीतामढ़ी, नवीन राजकीय पालिटेक्निकअस्थावां, राजकीय महिला पालिटेक्निक मुजफ्फरपुर का उद्घाटन किया एवं राजकीय पालिटेक्निक शेखपुरा का शिलान्यास किया। इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने ग्रामीण कार्य विभाग के अन्तर्गत 58 ग्रामीण पथों एवं नौ उच्चस्तरीय पुलों, जिसका समेकित लागत 83.02 करोड़ रूपये है तथा अतिरिक्त प्राथमिक स्वास्थ्य केन्द्र हरनौत एवं उत्क्रमित विद्यालय, हरनौत का भी शिलान्यास किया।इसके अतिरिक्त हरनौत प्रखण्ड अन्तर्गत अतिरिक्त प्राथमिक स्वास्थ्य केन्द्र एवं विद्यालय तथा 58 ग्रामीण पथों एवं नौ पुलों का शिलान्यास जिसकी लागत 83.02 करोड़ है, किया गया ।
मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य विभाजन के बाद बिहार में मात्र दो इंजीनियरिंग कालेज मुजफ्फरपुर एवं भागलपुर में ही थे। उन्होंने कहा कि शिक्षा के क्षेत्र में चाहे वह प्राथमिक, उच्च विद्यालय या तकनीकी महाविद्यालय, इस क्षेत्र में सरकार निरंतर विस्तार कर रही है। पूरे राज्य में इंजीनियरिंग, मेडिकल, पालिटेक्निक, इस्लामपुर में नर्सिंग प्रशिक्षण संस्थान, अनेक स्थानों पर आई0टी0आई0 की स्थापना की गयी है, ताकि तकनीकी शिक्षा में निपुण होकर यहा के छात्र/छात्रा जीवन में बेहतर अवसर प्राप्त कर सके।

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