सम-विषम योजना के उल्लंघन पर परेश रावल पर जुर्माना - Live Aaryaavart (लाईव आर्यावर्त)

Breaking

प्रबिसि नगर कीजै सब काजा । हृदय राखि कौशलपुर राजा।। -- मंगल भवन अमंगल हारी। द्रवहु सुदसरथ अजिर बिहारी ।। -- सब नर करहिं परस्पर प्रीति । चलहिं स्वधर्म निरत श्रुतिनीति ।। -- तेहि अवसर सुनि शिव धनु भंगा । आयउ भृगुकुल कमल पतंगा।। -- राजिव नयन धरैधनु सायक । भगत विपत्ति भंजनु सुखदायक।। -- अनुचित बहुत कहेउं अग्याता । छमहु क्षमा मंदिर दोउ भ्राता।। -- हरि अनन्त हरि कथा अनन्ता। कहहि सुनहि बहुविधि सब संता। -- साधक नाम जपहिं लय लाएं। होहिं सिद्ध अनिमादिक पाएं।। -- अतिथि पूज्य प्रियतम पुरारि के । कामद धन दारिद्र दवारिके।।


सोमवार, 25 अप्रैल 2016

सम-विषम योजना के उल्लंघन पर परेश रावल पर जुर्माना

paresh-rawal-fines-for-odd-even-violation
नयी दिल्ली, 25 अप्रैल, दिल्ली सरकार की ओर से सम-विषम योजना लागू रहने के मद्देनजर सांसदों के लिये विशेष बस सेवा शुरू किये जाने के बावजूद भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के सांसद परेश रावल सम नंबर की कार से संसद पहुंचे जिसके कारण उन्हें जुर्माना भरना पड़ा। सम-विषम योजना के तहत आज विषम नंबर के निजी चारपहिया वाहनों को चलाने की अनुमति थी। इसके बावजूद कई सांसद इसका उल्लंघन करके सम नंबर के वाहनों से संसद पहुंचे। श्री रावल ने बाद में योजना का उल्लंघन करने पर अपनी इस गलती के लिए क्षमा मांगी। उन्होंने ट्वीट कर चालान की कापी प्रदर्शित करते हुये कहा कि सम-विषम योजना का उल्लंघन करने पर जुर्माना भर दिया है। श्री रावल ने ट्वीट में कहा “संसद पहुंचने के लिए मैंने सम नंबर की कार का इस्तेमाल कर गंभीर गलती की। अरविंद जी और दिल्ली के लोगों से इसके लिए खेद है।” दिल्ली सरकार ने संसद के बजट सत्र का दूसरा भाग आज शुरू होने के मद्देनजर सम-विषम योजना को देखते हुये सांसदों के लिए विशेष बस सेवा शुरू की थी। इस सेवा के लिए छह एयरकंडीशन बसें लगायीं गयीं थी। सेवा सुबह नौ बजे से ग्यारह बजे तक और शाम साढ़े पांच बजे से आठ बजे तक उपलब्ध रहेगी। सुबह के समय इस विशेष सेवा का इस्तेमाल करने वालों में मात्र दो सांसद भाजपा के रंजन भट्ट और हरि ओम सिंह राठौड़ रहे। श्री रावल के अलावा भाजपा के अश्वनी चोपड़ा, उदित राज, बी सी खंडोली समेत कुछ और सांसद योजना का उल्लंघन कर सम नंबर की निजी कारों से संसद पहुंचे। इससे पहले भाजपा के राज्यसभा सदस्य विजय गोयल ने योजना का उल्लंघन किया था और उन पर कुल 3500 रुपये का जुर्माना लगाया गया था।

कोई टिप्पणी नहीं: