लखनऊ 03 जून, उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री अखिलेश यादव द्वारा मथुरा के जवाहरबाग में अवैध कब्जेदारों द्वारा की गयी फायरिंग में मारे गये दो पुलिसकर्मियों के परिजनों को 20-20 लाख रुपये का मुआवजा दिये जाने के एलान के बीच मृतकों के परिवारों ने सहायता की पेशकश को सिरे से खारिज कर दिया है। प्रदेश के पूर्व पुलिस महानिदेशक एम सी द्विवेदी के भतीजे मथुरा के हत्प्राण पुलिस अधीक्षक (नगर) मुकुल द्विवेदी की माता श्रीमती मनोरमा द्विवेदी ने श्री यादव की पेशकश को ठुकराते हुए कहा कि उनको अपना बेटा वापस चाहिए। औरैया के विधूना में स्थित अपनी मानी कोठी में श्रीमती द्विवेदी ने संवाददाताओं से कहा, “मुझे पैसा नहीं चाहिए। मुख्यमंत्री मेरा बेटा लाकर देंं।” उन्होंने आरोप लगाया कि मथुरा के वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक और जिलाधिकारी उनके बेटे की मृत्यु के लिए जिम्मेदार हैं। कहा, “हमसे ले लें मुख्यमंत्री 20 लाख रुपया पर मेरा बेटा वापस कर दें। गौरतलब है कि श्री मुकुल द्विवेदी और फरह के थानाध्यक्ष संतोष यादव की कल रात जवाहरबाग में अवैध कब्जेदारों द्वारा की गयी फायरिंग में मृत्यु हो गयी थी। पुलिस और कब्जेदारों के बीच हुयी गोलीबारी में दो पुलिसकर्मियों समेत कम से कम 21 लोगों की मृत्यु हो गयी और 50 से ज्यादा घायल हुए।
शुक्रवार, 3 जून 2016
शहीद पुलिस अधिकारियों के परिजनों ने ठुकरायी मदद की पेशकश
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