उत्तर प्रदेश में कांग्रेस की मुख्यमंत्री पद की उम्मीदवार शीला दीक्षित ने बसपा के बागी स्वामी प्रसाद मौर्या के रिजेक्टेड माल वाले बयान पर हिमांशु तिवारी आत्मीय से बातचीत की। उन्होंने क्या कहा, पढ़िए इस रिपोर्ट में-
जीत-हार तो लगी रहती है- शीला दीक्षित
दिल्ली की पूर्व सीएम और उत्तर प्रदेश में कांग्रेस की ओर से मुख्यमंत्री पद की घोषित उम्मीदवार शीला दीक्षित ने कहा कि लोकतंत्र है, हार-जीत तो लगी रहती है। लेकिन स्वामी प्रसाद मौर्या के द्वारा इस तरह की भाषा का इस्तेमाल करना वाकई निन्दनीय है। मैं तीन बार दिल्ली से बतौर मुख्यमंत्री इलेक्ट हुई। लेकिन एक बार हार जाने का मतलब ये नहीं कि मैंने जनाधार खो दिया है। राजनीति के स्तर मत गिराएं।
क्षमा याचना कर लें स्वामी प्रसाद मौर्या- रीता बहुगुणा जोशी
वहीं कांग्रेसी नेता रीता बहुगुणा जोशी ने बातचीत के दौरान कहा कि स्वामी प्रसाद मौर्या के द्वारा इस्तेमाल किए गए अभद्र शब्दों की कड़े शब्दों में निन्दा करती हूं। शीला जी सम्मानित महिला हैं। उनकी देश में ही नहीं बल्कि विदेशों में भी ख्याति है। स्वामी बड़े कद के नेता है, उनके द्वारा इस तरह का बयान वाकई निन्दनीय है। स्वामी प्रसाद मौर्या को क्षमा याचना कर लेनी चाहिए।

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