मानव का बोझ मानव द्वारा ढोने की व्यवस्था खत्म हो : शिवराज - Live Aaryaavart (लाईव आर्यावर्त)

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बुधवार, 25 जनवरी 2017

मानव का बोझ मानव द्वारा ढोने की व्यवस्था खत्म हो : शिवराज

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भोपाल 25 जनवरी, मध्यप्रदेश के मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने कहा कि मानव का बोझ मानव ढोयें, यह अमानवीय है। प्रदेश में इस व्यवस्था को खत्म करने पर फोकस किया जाये। आधिकारिक जानकारी के अनुसार श्री चौहान ने यहां मंत्रालय में विभिन्न घोषणाओं के क्रियान्वयन की प्रगति की समीक्षा करते हुए कहा कि साईकिल रिक्शा और हाथ ठेलों को ई-रिक्शा और ई-लोडर में बदला जाये। चालन का प्रशिक्षण भी दिलवाया जाये। उन्‍होंने योजना के प्रारम्भिक चरण में साईकिल रिक्शा और हाथ ठेला चलाने वालों को प्राथमिकता दिये जाने के निर्देश दिए। उन्होंने नगरीय और ग्रामीण क्षेत्रों में निर्माण कार्यों में संलग्न श्रमिकों के लिये कार्य-स्थल पर समुचित आवासीय और समान कार्य के लिए समान वेतन की व्यवस्थाओं की मानीटरिंग और संबंधित कानूनों का कड़ाई से प्रवर्तन करवाने के निर्देश दिये। उन्होंने विभिन्न विभागों द्वारा दिये जाने वाले स्मार्ट फोन और लेपटॉप को एकीकृत प्रणाली से क्रय करवाने के निर्देश दिये। श्री चौहान ने कहा कि नमामि देवि नर्मदे यात्रा के समापन से पूर्व यात्रा के संकल्पों के ठोस परिणाम सामने आना चाहिये। उन्होंने अनुसूचित जाति-जनजाति वर्ग के दिल्ली में कोचिंग करने एवं पढ़ने वाले छात्र-छात्राओं को एकीकृत स्वरूप में आगामी शिक्षा सत्र से छात्रावास सुविधा उपलब्ध करवाने की संभावनाओं का परीक्षण करने के लिए कहा। उन्होंने कहा कि कमजोर वर्ग के छात्र-छात्राओं को सक्रियता से उच्च शिक्षा में सहायता उपलब्ध करवाई जाये। मुख्यमंत्री ने अमरकंटक को आदर्श तीर्थ नगरी के रूप में विकसित करने के निर्देश दिए। उन्होंने इसके लिये मास्टर प्लान बनाने को कहा। उन्होंने कहा कि नगर को व्यवस्थित स्वरूप देने का कार्य मानवीय तरीके से किया जायें। किसी का रोजगार नहीं छिने और कोई बेघर भी नहीं हों। उन्होंने छोटे-बड़े झाड़ के रूप में दर्ज भूमि पर हुए निर्माण कार्यों को व्यवस्थित स्वरूप देने की जरूरत बताई। बैठक में बताया गया कि अनुसूचित जनजाति वर्ग की महिलाओं को जैविक खेती को बढ़ावा देने के लिये भारत सरकार से 117 करोड़ रूपये की एकीकृत योजना स्वीकृत हो गई है। संघ लोक सेवा आयोग की परीक्षाओं की तैयारी करने वाले अनुसूचित जनजाति के विद्यार्थियों को दिल्ली में आवासीय सुविधा भी उपलब्ध करवाई जाएगी। युवा उद्यमी योजना में युवाओं की अब दो करोड़ रूपये की गारंटी राज्य सरकार लेगी। प्रदेश के सभी जिला मुख्यालयों में दीनदयाल रसोई योजना आगामी एक अप्रैल से शुरू हो जाएगी। इस माह के अंत तक शासकीय चिकित्सालयों में गरीबों को दो लाख रूपये तक उपचार की व्यवस्था लागू हो जाएगी। एनीमियाग्रस्त बालिकाओं के लिए लालिमा अभियान चलाया जाएगा। तेन्दूपत्ता संग्राहकों के 60 प्रतिशत से अधिक अंक पाने वाले सभी बच्चों को प्रतिभाशाली छात्रवृत्ति मिलेगी। उन्होंने दिसम्बर-जनवरी माह में आयोजित हुए सम्मेलनों, पंचायतों में हुई घोषणाओं की समीक्षा की। उन्होंने अधिकारियों से कहा कि निर्धारित समय-सीमा में सभी का पालन अनिवार्यत: होना है। 

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