मुख्यमंत्री शिवराज के कथित बयान पर शुरु हुई राजनीति - Live Aaryaavart (लाईव आर्यावर्त)

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गुरुवार, 16 फ़रवरी 2017

मुख्यमंत्री शिवराज के कथित बयान पर शुरु हुई राजनीति

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भोपाल, 16 फरवरी, मध्यप्रदेश के भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) विधायकों के लिए होशंगाबाद के पचमढी में आयोजित दो दिवसीय प्रशिक्षण शिविर में मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान द्वारा दी गई कथित सलाह को लेकर प्रदेश में राजनीति का दौर गर्मा गया है। पार्टी विधायकों को वर्ष 2018 के लिए तैयार किए जाने संबंधित इस प्रशिक्षण शिविर में से छन कर आईं कई मीडिया खबरों के मुताबिक मुख्यमंत्री श्री चौहान ने विधायकों को सादा जीवन जीने, सेवाभाव से काम करने और जनता से संवाद बनाए रखने की सलाह के अलावा एक सलाह ये भी दी थी कि विधायक आर्थिक रूप से संबल बनें, लेकिन गाड़ी, मकान और दुकान नहीं लें, जो जनता को दिखाई दे। इस संबंध में आज मीडिया में खबरें आने के बाद प्रदेश में मुख्य विपक्षी दल कांग्रेस ने इसे लेकर सोशल मीडिया पर अभियान शुरु कर दिया है। प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष अरुण यादव ने खबरों की क्लिपिंग काे सोशल मीडिया पर शेयर करते हुए मुख्यमंत्री पर तंज किया है। उन्होंने लिखा है - वाह मुख्यमंत्री जी, इसका मतलब आप अपने नेताओं को सलाह दे रहे हैं कि कंबल ओढकर घी पियो। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के न खाऊंगा, न खाने दूंगा के वादे का क्या हुआ। कांग्रेस की मध्यप्रदेश इकाई के मुख्य प्रवक्ता केके मिश्रा ने इस बारे में यूनीवार्ता से कहा - कांग्रेस ने पहले ही आशंका जता दी थी कि प्रदेश में जब विधानसभा चुनाव करीब होंगे, उसके पहले भाजपा अपने विधायकों को खाने-खिलाने के गुर सिखाएगी। मुख्यमंत्री की इस सलाह से पार्टी की ये आशंका निर्मूल साबित नहीं हुई। 


हालांकि प्रदेश भाजपा इकाई इन खबरों को खारिज कर रही है। पार्टी के मुख्य प्रवक्ता दीपक विजयवर्गीय ने यूनीवार्ता से कहा - प्रशिक्षण शिविर पार्टी का अंदरूनी मामला है। पार्टी ने विधायकों के लिए प्रशिक्षण शिविर आयोजित किया था, जिसमें उन्हें बताया गया कि सरकार की योजनाओं और पार्टी की विचारधारा को सोशल मीडिया और अन्य माध्यमों से जनता के बीच बेहतर तरीके से कैसे पहुंचाया जाए। इससे इतर अगर कहीं कुछ और प्रकाशित हुआ है, तो वह मिथ्या है। वहीं पार्टी के प्रदेश प्रवक्ता रजनीश अग्रवाल ने भी बयान जारी करते हुए कहा है कि कांग्रेस स्वयं सत्ता को लूट का जरिया मानती है और यही सोच वह दूसरे दलों के लिए भी रखती है। प्रशिक्षण वर्ग में भी मुख्यमंत्री श्री चौहान ने हर बार की तरह पारदर्शिता, प्रामाणिकता और ईमानदारी का आग्रह किया है। पार्टी के विधायकों के लिए पचमढी में 14 फरवरी से प्रशिक्षण वर्ग आयोजित किया गया था। पार्टी हालांकि इसे नियमित अभ्यास बता रही थी, लेकिन सूत्रों के मुताबिक ये शिविर विधायकों को 2018 की तैयारी कराने के लिए अहम माना जा रहा था। शिविर में विधानसभा अध्यक्ष डॉ सीतासरन शर्मा, मंत्रिमंडल के सभी सदस्यों, पार्टी की प्रदेश इकाई के अध्यक्ष नंदकुमार सिंह चौहान और प्रदेश संगठन महामंत्री सुहास भगत ने भी भाग लिया था। खबरों के मुताबिक शिविर में मुख्यमंत्री ने विधायकों को योग करने, सभी से मुस्कुरा कर मिलने और अपने परिवार को भी समय देने के मंत्र दिए। 

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