नडाल को हरा फेडरर बने मियामी ओपन चैंपियन - Live Aaryaavart (लाईव आर्यावर्त)

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मंगलवार, 4 अप्रैल 2017

नडाल को हरा फेडरर बने मियामी ओपन चैंपियन

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मियामी, 03 अप्रैल, इस वर्ष आस्ट्रेलियन ओपन जीत चुके स्विटजरलैंड के रोजर फेडरर ने अपनी शानदार लय जारी रखते हुए स्पेन के दिग्गज राफेल नडाल पर एक बार फिर श्रेष्ठता साबित की और उन्हें यहां फाइनल में लगातार सेटों में 6-3,6-4 से हराकर मियामी ओपन टेनिस टूर्नामेंट का खिताब जीत लिया। 18 ग्रैंड स्लेम खिताब जीत चुके फेडरर की यह 91 वीं करियर खिताबी जीत है जबकि यहां उनका तीसरा खिताब है। फेडरर के खिलाफ इस साल लगातार तीन पराजयों का सामना करने वाले नडाल यहां अपने पहले खिताब की तलाश में थे लेकिन फेडरर ने उन्हें कोई मौका नहीं दिया और मेलबोर्न फाइनल आैर इंडियन वेल्स की हार की तरह यहां भी उनकी चुनौती को पीछे छोड़ते हुए खिताब अपने नाम किया। खिताब जीतने के बाद चौथी सीड फेडरर ने कहा,“ यह वर्ष मेरे लिये बेहतरीन साबित हो रहा है। मेरे लिये यह सपने के सच होने जैसा है।” सेमीफाइनल में आस्ट्रेलिया के निक किर्गियोस को मैराथन संघर्ष में 7-6, 6-7, 7-6 से हराने वाले पूर्व नंबर एक फेडरर ने फाइनल में जबरदस्त अंदाज में खेल दिखाते हुए अपने पुराने पुतिद्वंद्वी को कोई मौका नहीं दिया और स्पेन के इस स्टार खिलाड़ी पर लगातार चौथी जीत दर्ज की। मैच में फेडरर ने जबरदस्त सर्विस करने के अलावा ब्रेक अंक भी बचाये।


35 वर्षीय फेडरर ने जीत के बाद कहा,“ पहला सेट जीतना काफी अहम रहा। मैं इसे जीतकर नडाल पर दबाव बनाने में सफल रहा। नडाल हमेशा की तरह बेहतर थे लेकिन मुझे खुशी है कि मैं अंत में उन पर बढ़त बना सका।” चोट के कारण गत वर्ष अधिकतर कोर्ट से बाहर रहने वाले फेडरर वापसी के बाद पुरानी लय में खेल रहे हैं और इस वर्ष उन्होंने 19 मैचों में 18 में जीत दर्ज की है। फेडरर ने इससे पहले 2005 में 36 मैचों में एक पराजय झेली थी और अब उनके पास इस रिकार्ड को बेहतर करने का मौका है। उन्हें इस वर्ष एकमात्र हार दुबई ओपन टेनिस टूर्नामेंट में 116 वीं रैंकिंग के रूस के एवगेनी डोन्स्कॉय के खिलाफ झेलनी पड़ी थी। यहां अपना पांचवां फाइनल गंवाने वाले नडाल ने निराशा जाहिर करते हुए कहा,“ हर तीसरे वर्ष मैं यहां इस पोजीशन में पहुंचता हूं कि खिताब जीतूं लेकिन मैं इस मौके को गंवा देता हूं जोकि बेहद निराशाजनक हैं। मैं अब उम्मीद ही कर सकता हूं कि तीन वर्ष बाद मैं यहां फाइनल में जीत हासिल कर खिताब जीतूंगा।” नडाल इससे पहले यहां 2005, 2008,2011 तथा 2014 के फाइनल में पहुंचे थे लेकिन वह एक बार भी इस खिताब को जीतने में सफल नहीं रहे। 
नडाल ने फेडरर को जीत पर बधाई देते हुए कहा,“ मैं फेडरर को उनकी शानदार जीत पर बधाई देता हूं। उनके लिये यह सत्र वाकई शानदार साबित हो रहा है। उन्होंने चोट के बाद वापसी करते हुए कमाल का प्रदर्शन किया है।” 

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