बिहार : दंबगों द्वारा महादलितों की जमीन पर 14 सालों से कब्जा बरकरार - Live Aaryaavart

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शनिवार, 9 जून 2018

बिहार : दंबगों द्वारा महादलितों की जमीन पर 14 सालों से कब्जा बरकरार

  • पर्चाधारियों को जमीन पर कब्जा दिलवाने में कटिहार प्रशासन फेल

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कुर्सेला.बाबू...सरकार ने केवल जमीन का पर्चा ही दी और जमीन पर अधिकार नहीं नहीं दिला सकी.घर से प्रखंड और प्रखंड से घर जा जा कर थक हार गये हैं.यह कहना है वार्ड नम्बर 12 की वार्ड सदस्या शोभा देवी का.  कुर्सेला प्रखंड में है पश्चिमी मुरादपुर पंचायत.यहां के वार्ड नम्बर 12 की वार्ड सदस्य शोभा देवी.वार्ड सदस्य के पति उमेश राम कहते हैं कि इस महादलित टोला में रहने वालों को सरकार ने जमीन दी थी.परंतु उक्त जमीन पर कब्जा नहीं है.दूसरे लोग जमीन हथिया लिये हैं. यहां पर 400 महादलित परिवार रहते हैं. इनकी जनसंख्या करीब 16 सौ है. सरकार ने खेतिहर भूमिहीन परिवारों को  खेतीबाड़ी करने लिए   प्रति परिवार एक एकड़ जमीन दी थी. पहले लाल रंग के पर्चा पर जमीन दी जाती थी.इसे हमलोग लाल कार्ड कहते हैं. लाल कार्ड पर   मौजा मुरादपुर की जमीन दिखायी है.वही जमीन महादलितों को दी गयी है.लेकिन जमीन पर दावेदारी नहीं दी गयी है. इसे कहा जा सकता है जमीन का पर्चा मेरे पास और जमीन किसी और के हाथ.  वर्ष 2004 से ही जमीन का परवाना लेकर कुर्सेला अंचल में मैराथन दौड़ लगा रहे हैं. सिताबी राम के पुत्र नागो राम कहते हैं कि हम 22 महादलित परिवार को कुर्सेला अंचल के माध्यम से गोबड़ाही दियारा क्षेत्र में एक एक एकड़ जमीन खेती करने के लिए दी गयी.आज14 साल के बाद भी जमीन की नापी करके हमलोगों को जमीन नहीं दी गयी. कुर्सेला प्रखंड के सी. ओ. साहब और  बी.डी.ओ. साहब के पास आवेदन देकर गुहार लगाते लगाते थकहार गए हैं. हमलोगों के आवेदन पर कोई सुनवाई नहीं होती है. प्रगति ग्रामीण विकास समिति के सदस्य प्रदीप कुमार ने कहा कि महादलितों को गोलबंद किया जा रहा है.ऐसा करके महादलितों को उनका हक दिलाने का प्रयास होगा. अपना हक लेने के लिए जनांदोलन करना होगा. आज हकमारी लोग आंदोलन करने को तैयार है.गांवघर में  कम्युनिटी बेस ऑर्गनाइजेशन ( सी.बी.ओ.) बना लिये हैं.इसका नाम भूमि अधिकार जनांदोलन रखा है.इसका अध्यक्ष नागो राम है.सचिव कन्हैया कुमार राम और कोषाध्यक्ष  रानी देवी हैं.सदस्य है जीतन पासवान ,बहादुर पासवान ,कारेलाल पासवान, उमेश राम, राजकिशोर पासवान, फुलझरी देवी, मालती देवी, मो.दहनी देवी, फुल कुमारी, होरिल पासवान, प्रकाश राम ,गुंजा देवी, नूतन देवी और चितरंजन कुमार.
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