दुमका (आर्यावर्त डेस्क) 20 सितम्बर, मोहर्रम त्यौहार को शांतिपूर्ण वातावरण में मनाये जाने के लिए यह आवश्यक है कि सोशल मीडिया के माध्यम से गलत / भ्रामक सूचनाओं / वीडियो क्लिप / छायाचित्र का प्रसारण ना होने पाए। भ्रामक सूचनाओं के प्रसारित होने से अप्रिय दुष्परिणाम सामने आते है। सोशल मीडिया के माध्यम से प्रसारित सूचनाओं पर कड़ी निगरानी रखी जाय। वर्तमान समय में अधिकांश लोग सोशल मीडिया के माध्यम से एक दूसरे से जुड़े हैं। क्योंकि यह माध्यम सूचनाओं का आदान-प्रदान करने का सबसे सरल माध्यम बन चुका है। सोशल मीडिया पर अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता अत्यंत महत्वपूर्ण है। ऐसा देखा जा रहा है कि सोशल मीडिया पर समाचार के नाम पर बने ग्रुप तथा अन्य नाम से बने ग्रुप पर कभी-कभी ऐसे समाचार या तथ्य भी प्रेषित किये जा रहे हैं जिसकी सत्यता प्रमाणित नहीं होती है। सूचनायें कई बार बिना पुष्टि के सीधे कट-पेस्ट / फॉरवर्ड किए जा रहे हैं। इन सबको ध्यान में रखते हुए सोशल मीडिया यथा वाट्स एप, फेसबुक, यू-ट्यूब, ट्विटर आदि के ग्रुप एडमिन व सदस्यों से अपील की गई है कि ग्रुप एडमिन वही बनें जो उस ग्रुप के लिए पूर्ण जिम्मेवारी और उत्तर दायित्व का वहन करने में समर्थ हों। अपने ग्रुप के सभी सदस्यों से ग्रुप एडमिन पूर्णतः परिचित हों। ग्रुप के किसी सदस्य द्वारा गलत बयानी, बिना पुष्टि के समाचार जो अफवाह बन जाये, पोस्ट किए जाने पर या सामाजिक समरसता बिगाड़ने वाले पोस्ट पर ग्रुप एडमिन तत्काल उसका खंडन करें। उस सदस्य को ग्रुप से हटाया जाय। अफवाह / भ्रामक सूचना /सामाजिक समरसता के विरुद्ध सूचना पोस्ट होने पर संबंधित थाना को भी तत्काल सूचना दी जाय। ग्रुप एडमिन द्वारा कोई कार्रवाई नहीं होने पर उन्हे भी इसका दोषी माना जाएगा और उनके विरुद्ध भी कार्रवाई की जाएगी। दोषी पाए जाने पर आईटी एक्ट साइबर क्राइम तथा आईपीसी की सुसंगत धाराओं के तहत कार्रवाई की जाएगी। किसी भी धर्म के नाम पर भावनाओं को आहत करने वाले पोस्ट किसी भी ग्रुप में डाले जाने पर समाज में तनाव उत्पन्न होने की संभावना रहती है ऐसे पोस्ट करने या किसी अन्य ग्रुप के फॉरवर्ड करने पर आईटी एवं आईपीसी की सुसंगत धाराओं के आधार पर कड़ी कानूनी कार्रवाई की जाएगी। ग्रुप एडमिन की भी जिम्मेवारी तदनुरूप निर्धारित की जाएगी।
गुरुवार, 20 सितंबर 2018
दुमका : सोशल मीडिया से संबंधित डीसी दुमका के अनुदेश
Tags
# झारखण्ड
Share This
About आर्यावर्त डेस्क
झारखण्ड
Labels:
झारखण्ड
सदस्यता लें
टिप्पणियाँ भेजें (Atom)
संपादकीय (खबर/विज्ञप्ति ईमेल : editor@liveaaryaavart या वॉट्सएप : 9899730304 पर भेजें)

कोई टिप्पणी नहीं:
एक टिप्पणी भेजें